बिल के फर्जी होने पर अफसर कार्रवाई की अनुशंसा करेंगे. इसके लिए उड़नदस्ता टीम का गठन किया गया है. 30 मार्च तक चाईबासा ट्रेजरी से लगभग चार हजार बिल का भुगतान हुआ.
चाईबासा : चाईबासा और चक्रधरपुर ट्रेजरी से बीते एक सप्ताह में पांच लाख रुपये से अधिक की हर निकासी की जांच होगी. मापदंड के अनुसार बिल का भुगतान हुआ है नहीं, यह देखा जायेगा. उक्त आदेश डीसी अबुबक्कर सिद्दीख पी ने दिया है. इसके लिए अलग-अलग अधिकारियों को तैनात किया गया है. इसके साथ संदिग्ध और फर्जी बिल की भी जांच होगी.
बिल के फर्जी होने पर अफसर कार्रवाई की अनुशंसा करेंगे. इसके लिए उड़नदस्ता टीम का गठन किया गया है. चाईबासा ट्रेजरी में डीडीसी अनिल कुमार राय, एसडीओ राकेश दुबे व चक्रधरपुर में भूमि सुधार उप समाहर्ता चक्रधरपुर व सीओ समेत अन्य को प्रतिनियुक्त किया गया है.
चार तक ट्रेजरी को देना होगा विवरण : वित्तीय वर्ष 2015-16 के 31 मार्च तक ट्रेजरी से हुई तमाम निकासी का विवरण चार अप्रैल तक ट्रेजरी को देना होगा. ट्रेजरी डीसी को रिपोर्ट सौंपेंगे.
डीसी के माध्यम से विवरणी वित्त विभाग को भेजी जायेगी.
िवशेष सुरक्षा के लिए एसपी को पत्र : डीसी ने चाईबासा व चक्रधरपुर ट्रेजरी में विशेष सुरक्षा के लिए एसपी को पत्र लिखा है.
ट्रेजरी में लाठी पार्टी तैनात करने के साथ अनावश्यक भीड़ नहीं होने देने की बात कही है. आसपास में भी फोर्स तैनात करने की बात कही है, ताकि लूटपाट नहीं हो सके.
देनी होगी जानकारी
किसी भी विभाग का बिल भुगतान नहीं होने की जानकारी ट्रेजरी को अपने सूचना पट पर देनी होगी. सूचना पट पर बताना होगा कि बिल पर भुगतान क्यों नहीं किया गया. तथ्यों के साथ पूरी जानकारी देनी होगी.
15 फीसदी के चक्कर में सरेंडर होंगे करोड़ों !
पुराने आवंटन पर 15 फीसदी से अधिक राशि निकासी पर वित्त विभाग ने रोक लगा दी है. विभाग के इस नियम से विभागों को करोड़ों रुपये सरेंडर करना होगा.
एक करोड़ की राशि की रिपोर्ट एजी व आयुक्त को
एक करोड़ से अधिक की सभी निकासी की रिपोर्ट एजी रांची व आयुक्त को भेजी जायेगी. तमाम दस्वावेज भी एजी रांची और कोल्हान आयुक्त को भेजा जायेगा.
जांच के लिए डीसी ने अफसरों को किया तैनात
उड़नदस्ता टीम भी करेगी जांच
डीसी ने ट्रेजरी में विशेष सुरक्षा के लिए एसपी को लिखा पत्र
30 मार्च तक लगभग चार हजार बिल का भुगतान किया जा चुका है. तमाम मापदंडों पर बिल का भुगतान किया जा रहा है. पुराने आवंटन पर 15 फीसदी से अधिक की राशि पर रोक लगी है.
मनोज कुमार, ट्रेजरी ऑफिसर
बिना बाउचर भुगतान पर रोक
डीसी ने केवल एसी बिल के आधार पर भुगतान पर रोक लगा दी है. एसी बिल का डीसी जमा होने वाले बिल का भुगतान करने का आदेश जारी हुआ है. बिल के साथ जो विभाग वाउचर जमा करेंगे, उन विभागों को भुगतान किया जायेगा.
