सरायकेला : ओडिशा में लगातार हो रही बारिश के बीच डैमों में पानी का दबाव बढ़ने से खरकई नदी एक बार फिर उफान पर है. रायरंगपुर क्षेत्र के बैंगबिल डैम और खरकई डैम के दो-दो गेट खोले जाने के साथ ही सरायकेला-खरसावां जिले के गंजिया बराज के 10 गेट से भी पानी छोड़ा जा रहा है. इससे खरकई नदी में पानी का प्रवाह अचानक बढ़ गया है और जलस्तर खतरे के निशान से 2.30 मीटर ऊपर पहुंच गया है.
खरकई पुल के पास की जा रही जलस्तर की निगरानी
बाढ़ नियंत्रण सेल, आदित्यपुर की ओर से जारी रिपोर्ट के अनुसार खरकई नदी के जलस्तर की निगरानी खरकई पुल के समीप की जा रही है. रिपोर्ट में बताया गया है कि नदी पिछले 24 घंटे से खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. जलस्तर में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है. ओडिशा के जलग्रहण क्षेत्र में लगातार बारिश के कारण बांकबल और खरकई डैम में पानी का दबाव बढ़ गया. इसके बाद दोनों डैम के दो-दो गेट खोलकर पानी छोड़ा गया. वहीं, गंजिया बराज के 10 गेट से पानी छोड़े जाने के कारण खरकई नदी का प्रवाह और तेज हो गया है.
निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा
खरकई का जलस्तर बढ़ने से नदी के आसपास बसे निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की अपील की है. जल संसाधन विभाग और प्रशासन की टीमें लगातार नदी के जलस्तर और डैमों से छोड़े जा रहे पानी की निगरानी कर रही हैं. अधिकारियों को संवेदनशील और प्रभावित क्षेत्रों पर विशेष नजर रखने तथा स्थिति बिगड़ने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है. जलस्तर में लगातार वृद्धि को देखते हुए नदी किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए तैयार रहने की सलाह दी गई है.
