खरसावां. रक्षाबंधन पर खरसावां की जोजोडीह पंचायत के बोरडा गांव में आयोजित छऊ नृत्य प्रदर्शनी ने स्थानीय सांस्कृतिक पटल पर एक नयी चमक बिखेर दी. ढोल-नगाड़ों की गूंज और पारंपरिक धुनों के बीच कलाकारों ने पौराणिक कथाओं और सामाजिक सरोकारों को जीवंत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया.
रामायण और महाभारत प्रसंगों ने मोहा मन
कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन विधायक प्रतिनिधि अर्जुन गोप, प्रखंड प्रमुख मनेंद्र जामुदा, मुखिया मंगल सिंह जामुदा और पूर्व मुखिया कुंवर बानरा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया. इसके उपरांत, पारंपरिक गणेश वंदना के साथ छऊ नृत्य की भव्य शुरुआत हुई.
कलाकारों ने रामायण, महाभारत और शिव पुराण से जुड़े विभिन्न पौराणिक प्रसंगों को खरसावां शैली में मंच पर उतारकर अपनी कला का प्रदर्शन किया. आकर्षक मुखौटों और सजीव अभिनय से सजी इन प्रस्तुतियों को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण देर रात तक डटे रहे.
सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की पुरजोर पहल
मौके पर उपस्थित अतिथियों ने इस लोक कला के संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया. अर्जुन गोप ने कहा कि छऊ नृत्य इस क्षेत्र की ऐतिहासिक धरोहर है, जिसे ग्रामीण कलाकार अपनी मेहनत से जीवित रखे हुए हैं. वहीं, प्रखंड प्रमुख मनेंद्र जामुदा ने कहा कि ऐसे आयोजनों से न केवल कलाकारों का उत्साहवर्धन होता है, बल्कि युवा पीढ़ी भी अपनी समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़ती है.
गणमान्य लोगों की रही सक्रिय भागीदारी
इस सांस्कृतिक आयोजन को सफल बनाने में आयोजन समिति और ग्रामीणों की भूमिका सराहनीय रही. कार्यक्रम के दौरान बीस सूत्री समिति अध्यक्ष अजय सामड़, समिति अध्यक्ष विजय दिग्गी, साधुचरण सोय, सुरेश महंती, मुन्ना महंती, राजेन हांसदा समेत कई झामुमो कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में कलाप्रेमी दर्शक उपस्थित रहे.
