रांगा गन फैक्ट्री: मुख्य आरोपी गिरफ्तार, पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे

एक लाख रुपए में चार कट्ठा जमीन खरीदकर 2023 से चला रहा था अवैध गन फैक्ट्री

पतना

साहिबगंज के रांगा थाना क्षेत्र अंतर्गत केंदुआ आमगाछी में गुरुवार को बिहार एसटीएफ और साहिबगंज पुलिस की ओर से अवैध मिनी गन फैक्ट्री में संयुक्त छापेमारी के मामले में पुलिस ने 24 घंटे के अंदर ही मुख्य आरोपी परवेज इस्लाम को मुंगेर जिला से गिरफ्तार कर शुक्रवार को न्यायालय में प्रस्तुत करने के बाद राजमहल जेल भेज दिया है. जानकारी हो कि गुरुवार को हुई छापेमारी ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया. केंदुआ चौक से सटे आमगाछी में चल रही मिनी गन फैक्ट्री से 18 अर्धनिर्मित ऑटोमैटिक पिस्टल 7.62 एमएम, तीन लेथ मशीन, लोहा पिघलाने की मशीन और मैगजीन सहित भारी मात्रा में हथियार निर्माण सामग्री बरामद की गयी है. छापेमारी के पश्चात प्राथमिकी दर्ज कर एसआईटी का गठन हुआ. जिसमें बरहरवा डीएसपी, इंस्पेक्टर, रांगा थाना प्रभारी के अलावा अन्य पुलिस पदाधिकारी शामिल थे. टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बिहार के मुंगेर में छापेमारी कर मुख्य आरोपी मुंगेर जिले के काशीबाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत जमालपुर रोड कौरामैदान निवासी आशिक अली के पुत्र परवेज इस्लाम को गिरफ्तार कर लिया तथा 24 घंटे के अंदर आरोपी को जेल भेज दिया गया. मामले में प्रभारी थाना प्रभारी गौरव कुमार भगत की लिखित शिकायत पर परवेज इस्लाम पर सुसंगत धाराओं के तहत कांड संख्या 35/26 दर्ज किया गया था. पुलिस अब न्यायालय के माध्यम से उसे रिमांड में लेकर बाकी सवालों पर पूछताछ करेगी.

पुलिस के हाथ लगी कई जानकारियां :

गिरफ्तार परवेज ने पुलिस को बताया कि 2016 में उनकी एक भतीजी की शादी बिशनपुर में हुई थी. वह अक्सर यहां आया-जाया करता था. पतना क्षेत्र शांत देखकर परवेज ने यहां अवैध हथियार फैक्ट्री चलाने के लिए 1 लाख रुपये में पहाड़िया समुदाय से चार कट्ठा जमीन खरीदी और अपने परिचितों के सहयोग से घर बनाया. 2023 में कोलकाता से गन बनाने की मशीन लाकर यहां सेट किया और शाहिद शेख, मुकेश तांती, मुन्ना, छोटू व अन्य सहयोगी के साथ मिलकर यहां पिस्टल बनाने का अवैध कार्य चालू कर दिया. स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ महीनों से केंदुआ और आसपास के इलाके में पश्चिम बंगाल समेत दूसरे राज्यों के लोग जमीन खरीद रहे हैं. कुछ ऐसे घर भी हैं जो छोटे-मोटे झोपड़ी बनाकर रह रहे हैं. घर छोटा है लेकिन परिवार के सदस्यों की संख्या काफी है.

भारी मात्रा में हथियार तैयार होने की आशंका :

पुलिसिया पूछताछ में उसने बताया कि वर्ष 2023 से वह इस घर में अवैध रूप से पिस्टल बना रहा है. यहां करीब 80% तैयार करने के बाद वह मुंगेर ले जाकर उसे कंप्लीट करता था और इसकी तस्करी करता था. सूत्रों के अनुसार पुलिस ने फैक्ट्री से हथियार बनाने के बाद का अवशिष्ट भारी मात्रा में बरामद किया है. इससे आशंका जतायी जा रही है कि वहां अब तक काफी संख्या में पिस्टल तैयार किया जा चुका है. वहीं, सूत्रों के अनुसार उक्त मिनी फैक्ट्री में एक अलार्म सिस्टम भी लगाया हुआ था. जब वर्कर अंदर काम करते थे तो बाहर किसी प्रकार की गतिविधि होने पर बाहर तैनात उनके आदमी अलार्म सिस्टम के माध्यम से अंदर मौजूद वर्कर को सावधान कर देते थे.

बरामद गन 7.62 एमएम ऑटोमैटिक पिस्टल, ब्लैक मार्केट में काफी है कीमत :

गन फैक्ट्री से बरामद 7.62 एमएम ऑटोमेटिक पिस्टल देशी कट्टे से कहीं ज्यादा खतरनाक मानी जाती है. यह पिस्टल एके-47 में इस्तेमाल होने वाली 7.62 एमएम गोली पर काम करती है. सेमी और फुल ऑटोमेटिक दोनों मोड में फायर कर सकती है, जिससे एक साथ कई राउंड दागे जा सकते हैं. इसकी भेदन क्षमता भी ज्यादा है – हल्का कवच और गाड़ी का दरवाजा तक भेद सकती है. ब्लैक मार्केट में इसकी कीमत और डिमांड दोनों ही ऊंची है. मुंगेर पैटर्न की लोकल फैक्ट्री में बनी 7.62 एमएम पिस्टल 15 से 25 हजार रुपए में बिक जाती है, जबकि असली ब्रांडेड हथियार की कीमत 80 हजार से ऊपर चली जाती है. छोटा साइज, आसानी से छिपाने की सुविधा और तेज फायर रेट की वजह से गैंगस्टर, नक्सली और अपराधी गिरोह इसे सबसे ज्यादा पसंद करते हैं.

साहिबगंज पुलिस के लिए बड़ी कामयाबी :

साहिबगंज एसपी अमित कुमार सिंह के निर्देश पर बरहरवा एसडीपीओ नितिन खंडेलवाल के नेतृत्व में थाना प्रभारी इंस्पेक्टर संतोष कुमार राणा, बरहरवा सुमित कुमार सिंह, रांगा थाना प्रभारी अखिलेश कुमार यादव द्वारा क्षेत्र के केंदुआ आमगाछी में मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन साहिबगंज जिला पुलिस के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है. पुलिस इस सिंडिकेट में शामिल अन्य लोगों को ढूंढ रही है कि इन हथियारों को सप्लाई करने और बनाने में कौन-कौन लोग शामिल थे, कौन हथियार खरीद रहा था. इस सभी का पुलिस पर्दाफाश करने में लगी हुई है. पुलिस टीम द्वारा लगातार काम किया जा रहा है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: ABDHESH SINGH

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >