प्रतिनिधि, मंगलहाट : राजमहल प्रखंड क्षेत्र के सैदपुर पंचायत स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय सैदपुर के पारा शिक्षक अशोक चौधरी (55) की गंभीर बीमारी से मौत हो गई. जानकारी के अनुसार शनिवार की दोपहर उन्हें इलाज के लिए बिहार के पटना ले जाया जा रहा था, इसी दौरान रास्ते में उनकी मौत हो गई. पारा शिक्षक की मौत से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा. वह अपने पीछे पत्नी के अलावा दो बच्चों को छोड़ गए हैं.
पारा शिक्षक संघ के पदाधिकारी पहुंचे घर
सूचना मिलने पर राजमहल प्रखंड पारा शिक्षक संघ के अध्यक्ष प्रकाश भान राय सहित कई अन्य पारा शिक्षक मृतक के घर पहुंचे और पार्थिव शरीर का इंतजार कर रहे थे. अशोक चौधरी सैदपुर पंचायत स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय सैदपुर में कार्यरत थे. संघ के अध्यक्ष प्रकाश भान राय ने कहा कि पारा शिक्षक लंबे समय से गंभीर बीमारी से पीड़ित थे. घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी और पैसे के अभाव में उनका बेहतर इलाज नहीं हो पाया.
आर्थिक तंगी के बीच इलाज कराने की मजबूरी
प्रकाश भान राय ने कहा कि इलाज के अभाव में अशोक चौधरी घर पर ही जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे थे. सरकार से मिलने वाले मानदेय का लगभग 50 प्रतिशत लोन में चले जाने के बाद बचे 8 से 9 हजार रुपये में ही वह परिवार का भरण-पोषण और इलाज कर रहे थे. बेहतर इलाज नहीं हो पाने के कारण उनकी मौत हो गई. उन्होंने कहा कि पारा शिक्षकों की स्थिति बेहतर नहीं है और सरकार की ओर से शिक्षकों के लिए कोई योजना तथा स्वास्थ्य सहित अन्य सुविधा उपलब्ध नहीं है. ऐसी परिस्थिति में बच्चों का भविष्य भी दांव पर लगा हुआ है.
शिक्षकों ने जताया शोक
पारा शिक्षक के निधन पर अशोक सेठ, शिबू प्रमाणिक, कुमार गोविंद, दिलीप कर्मकार, कर्मवीर साह सहित कई अन्य शिक्षकों ने शोक प्रकट किया है.
