मशहुर पिकनिक स्पॉट है पतौड़ा झील 17 दिसंबर फोटो संख्या-05 व 06-बरहरवा से जा रहा हैकैप्सन-पक्षी अभ्यारण केंद्र उधवा व पतौड़ा झीलप्रतिनिधि, उधवावर्ष 2015 की विदाई व नये साल के आगमन में अब कुछ दिन ही शेष रह गये हैं. लोग अपने-अपने हिसाब से नये साल मनाने की तैयारी में जुट गये हैं. अभी से ही क्षेत्र के विभिन्न पर्यटन स्थलों में लोगों की भीड़ उमड़ने लगी है. वहीं कई लोग वर्ष 2016 के स्वागत के लिए पिकनिक स्पॉट का चयन करने में लगे हैं. उधवा प्रखंड क्षेत्र के पतौड़ा पंचायत स्थित उधवा झील पक्षी अभ्यारण्य के नाम से जाना जाता है. यह भी पिकनिक स्पॉट के लिए मशहुर है. यह लगभग 5.65 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है. उधवा झील ब्रह्म झील तथा पतौड़ा झील के मिलने से बना है. यहां दर्जनों प्रजातियों की विदेशी पक्षियां जाड़े के मौसम में आते हैं. ठंड प्रदेश ऑस्ट्रेलिया तथा साइबेरिया के प्रवासी पक्षियों के अलावा स्थानीय दर्जनों प्रजातियां की पक्षियां यहां देखी जाती है. उधवा झील के निकट जल्ला में धान की खेती प्रचूर मात्रा में होती है. इस मौसम में प्रवासी पक्षियां खेतों में धान चुगते सुबह-शाम देखी जाती है. इसके अलावा यहां पर्यटकों के ठहरने के लिए रेस्ट हाउस बना हुआ है. जिसमें सारी सुविधाएं उपलब्ध है. हर वर्ष सैकड़ों की संख्या में लोग यहां पिकनिक मामने के लिए आते हैं. मालदा, फरक्का, पाकुड़, साहिबगंज के अलावा दूर-दूर से लोग जनवरी मह तक आते रहते हैं.हर वर्ष आती हैं यहां मृदुला सप्रु यहां हर वर्ष दिसंबर से जनवरी के बीच झारखंड सरकार की महालेखाकार मृदुल सप्रु आती हैं. वे बताती हैं कि पक्षियों में उनकी विशेष अभिरूचि है. हर वर्ष यहां आकर पक्षियों के विभिन्न प्रजातियों को अपने कैमरे में कैद कर सूची तैयार करती है. उनके बारे में जानकारी इकट्ठा करती हैं. पिछले वर्ष उनके द्वारा यहां लगभग 402 देशी व विदेशी पक्षियों की प्रजातियां पायी गयी थी.यहां से पहुंचे उधवा झील आने के लिये निकटतम रेलवे स्टेशन बरहरवा व राजमहल है. बरहरवा रेलवे स्टेशन से इसकी दूरी 15 किमी है. यहां आने के लिये हमेशा साधन उपलब्ध है. राजमहल रेलवे स्टेशन से उधवा झील की दूरी 11 किमी है. यहां से भी साधन उपलब्ध है.
????? ?????? ????? ?? ?????? ???
मशहुर पिकनिक स्पॉट है पतौड़ा झील 17 दिसंबर फोटो संख्या-05 व 06-बरहरवा से जा रहा हैकैप्सन-पक्षी अभ्यारण केंद्र उधवा व पतौड़ा झीलप्रतिनिधि, उधवावर्ष 2015 की विदाई व नये साल के आगमन में अब कुछ दिन ही शेष रह गये हैं. लोग अपने-अपने हिसाब से नये साल मनाने की तैयारी में जुट गये हैं. अभी से […]
