प्रवचन : भावातीत ध्यान व्यक्तियों के तनावमुक्ति की सीधी तरकीबशांति तथा विश्रांति की प्राप्ति के लिए महर्षि ने सफल व्यावहारिक विधि प्रस्तुत की, जिसे उम्र, धर्म, बौद्धिक क्षमता तथा सांस्कृतिक पृष्ठभूमि के भेद-भाव के बिना सभी लोगों ने स्वीकारा. उनकी पद्धति की एकमात्र आवश्यकता यह है कि व्यक्ति प्रतिदिन शांतिपूर्वक कुछ मिनट आराम से बैठे और अपने व्यक्तिगत मंत्र को दुहराये. इसके अतिरिक्त और कुछ भी आवश्यक नहीं है. इसके लिए किसी को भी अपने जीवनचर्या बदलने (नियमित ध्यान के लिए अतिरिक्त समय निकालने) की कतई आवश्यकता नहीं है. कुछ ही सप्ताहों के अभ्यास द्वारा साधक में परिवर्तन दिखने लगता है. ध्यान की अन्य विधियों की तरह भावातीत ध्यान भी व्यक्तियों को तनावमुक्त करने, चेतना को विकसित करने तथा विचारों की स्पष्टता प्रदान करने के लिए तनावमुक्ति की सहज-सीधी तरकीब बताता है. भावातीत ध्यान वह सब कुछ प्रदान करता है जिसकी उस समय लोगों को बहुत आवश्यकता तथा मांग थी.
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प्रवचन : भावातीत ध्यान व्यक्तियों के तनावमुक्ति की सीधी तरकीबशांति तथा विश्रांति की प्राप्ति के लिए महर्षि ने सफल व्यावहारिक विधि प्रस्तुत की, जिसे उम्र, धर्म, बौद्धिक क्षमता तथा सांस्कृतिक पृष्ठभूमि के भेद-भाव के बिना सभी लोगों ने स्वीकारा. उनकी पद्धति की एकमात्र आवश्यकता यह है कि व्यक्ति प्रतिदिन शांतिपूर्वक कुछ मिनट आराम से बैठे […]
