सिरमटोली फ्लाईओवर के उद्घाटन पर आदिवासी संगठनों का विरोध, हर साल 5 जून को मनायेंगे काला दिवस

Siramtoli Flyover Dispute: सिरमटोली फ्लाईओवर को लेकर आदिवासी संगठनों का विरोध थम नहीं रहा. सीएम हेमंत सोरेन द्वारा फ्लाईओवर का उद्धाटन करने से आदिवासियों में निराशा है. इसे लेकर 21 जून को विभिन्न आदिवासी संगठन और 32 जनजातियों के प्रतिनिधि महाबैठक करेंगे.

Siramtoli Flyover Dispute: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा 5 जून को सिरमटोली फ्लाईओवर का उद्धाटन करने से आदिवासी समुदाय में निराशा है. इसे लेकर नगड़ाटोली स्थित सरना भवन में केंद्रीय सरना स्थल सिरमटोली बचाओ मोर्चा, आदिवासी बचाओ मोर्चा सहित अन्य आदिवासी संगठनों ने संयुक्त संवाददाता सम्मेलन किया. इसे पूर्व मंत्री गीताश्री उरांव ने संबोधित किया.

हर साल मनायेंगे काला दिवस

Geeta shri oraon addressing the press conference

गीताश्री उरांव ने कहा कि आदिवासी संगठनों के बंद के अगले दिन जिस तरह से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सिरोमटोली फ्लाइओवर का उदघाटन किया है, उससे आदिवासी समुदाय के लोग निराश और हताश हैं. उन्होंने आगे कहा कि बाबा कार्तिक उरांव के नाम से फ्लाईओवर का नामकरण करने से आदिवासी समुदाय की पीड़ा कम नहीं हो जायेगी. अब हर साल पांच जून को हमलोग काला दिवस मनायेंगे और उस दिन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला दहन करेंगे.

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जनता के बीच चलाया जायेगा जागरूकता अभियान

गीताश्री उरांव ने कहा कि सिरमटोली फ्लाईओवर के रैंप व आदिवासियों से जुड़े अन्य मुद्दों को लेकर मोर्चा का आंदोलन जारी रहेगा. इस दौरान मोर्चा की ओर से कहा गया कि पूरे राज्य में आदिवासी समाज के मुद्दे को लेकर जनता के बीच जाकर जागरूकता अभियाना चलाया जायेगा, जन विरोधी नीतियों का विरोध रहेगा.

21 जून को होगी महाबैठक

इस दौरान मोर्चा की ओर से यह भी कहा गया कि आंदोलन को व्यापक रूप देने के लिए विभिन्न आदिवासी संगठनों सहित 32 जनजातियों के प्रतिनिधि के साथ 21 जून को सिरमटोली में महाबैठक का आयोजन किया जायेगा.

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4 जून को था आदिवासी संगठनों का बंद

मालूम हो कि सिरमटोली फ्लाईओवर के उद्घाटन से ठीक एक दिन पहले विभिन्न आदिवासी संगठनों ने सिरमटोली रैंप विवाद को लेकर झारखंड बंद बुलाया था. इस दौरान पूरे राज्य में आदिवासी समाज के लोग विभिन्न मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे थे. रांची, गुमला, लातेहार सहित कई जिलों में बंद का मिला-जुला असर देखा गया था.

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लेखक के बारे में

By Rupali Das

नमस्कार! मैं रुपाली दास, एक समर्पित पत्रकार हूं. एक साल से अधिक समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हूं. वर्तमान में प्रभात खबर में कार्यरत हूं. यहां झारखंड राज्य से जुड़े महत्वपूर्ण सामाजिक, राजनीतिक और जन सरोकार के मुद्दों पर आधारित खबरें लिखती हूं. इससे पहले दूरदर्शन, हिंदुस्तान, द फॉलोअप सहित अन्य प्रतिष्ठित समाचार माध्यमों के साथ भी काम करने का अनुभव है.

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