रिम्स 60वीं शासी परिषद बैठक में 16 एजेंडा पर चर्चा, कई अहम निर्णय

शनिवार को हुई रिम्स शासी परिषद की 60वीं बैठक में संस्थान की बेहतरी के लिए कई अहम निर्णय लिये गये.

रांची. शनिवार को हुई रिम्स शासी परिषद की 60वीं बैठक में संस्थान की बेहतरी के लिए कई अहम निर्णय लिये गये. 16 एजेंडा में शामिल एमआरआइ और वेंटिलेटर की खरीद पर चर्चा के बाद रिम्स प्रशासन को आदेश दिया गया कि एक एमआरआइ और करीब 100 वेंटिलेटर खरीदे जायें, ताकि मरीजों को इमरजेंसी के बाहर वेंटिलेटर बेड के लिए इंतजार न करना पड़े. अध्यक्ष सह स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि रिम्स को देश के बेहतरीन संस्थानों की श्रेणी में लाना लक्ष्य है, जिसके लिए जरूरत पड़ने पर हर स्तर पर बदलाव किया जायेगा. रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने कहा कि इतनी बड़ी आबादी के लिए एक एमआरआइ मशीन पर्याप्त नहीं है, इसकी संख्या बढ़ायी जानी चाहिए. उन्होंने अस्पताल में जन्म लेते ही जन्म प्रमाण पत्र के साथ नवजात का आधार कार्ड बनाने और हृदय रोगियों को स्टेंट के लिए महीनों इंतजार न करने देने की व्यवस्था करने का सुझाव दिया. अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने बताया कि निदेशक को कई मुद्दों पर तत्काल कार्रवाई के आदेश दिये गये हैं और नौ अक्तूबर को होने वाली बैठक में बदलाव दिखेगा. बैठक में रिटायर्ड जस्टिस अमरेश्वर सहाय, कांके विधायक सुरेश कुमार बैठा, रांची विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ डीके सिंह, रिनपास निदेशक डॉ अमूल रंजन, वित्त विभाग के प्रधान सचिव और प्रमंडलीय आयुक्त सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे.

रिम्स की जमीन से अतिक्रमण हटाने का निर्णय

बैठक में रिम्स परिसर में हुए अतिक्रमण पर चर्चा हुई. सदस्यों ने कहा कि अस्पताल की जमीन पर जहां-जहां अतिक्रमण है, उसे खाली कराया जाये और इसके लिए स्थानीय प्रशासन समन्वय स्थापित करे. साथ ही साफ-सफाई को प्राथमिकता देने के निर्देश दिये गये.

अधिवक्ताओं की टीम द्वारा इंगित कमियां

हाइकोर्ट के निर्देश पर निरीक्षण करने आयी अधिवक्ताओं की टीम द्वारा इंगित कमियों पर भी चर्चा हुई. सदस्यों को बताया गया कि वार्ड में टूटी टाइल्स, रेलिंग और बेड रिम्स के री-डेवलपमेंट योजना में शामिल हैं. सदस्यों ने कहा कि जिनकी तत्काल मरम्मत जरूरी है, उन्हें अभी ठीक किया जाए. ट्रॉमा सेंटर में खराब पड़े वेंटिलेटर की मरम्मत का भी निर्देश दिया गया.

भवन निर्माण विभाग पर निर्भरता घटाने की सिफारिश

चर्चा के दौरान यह सुझाव आया कि भवन निर्माण कार्य के लिए केवल भवन निर्माण विभाग पर निर्भर न रहकर अन्य सरकारी एजेंसियों का भी चयन किया जाये. बैठक में बताया गया कि 18 सितंबर को फाइनेंस कमेटी की बैठक होगी, जिसकी अध्यक्षता अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह करेंगे. इसमें कई निर्णय लिये जायेंगे.

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