रांची: विपक्ष साजिश रच मुझे परेशान करने का प्रयास कर रहा है. यह बातें मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कोडरमा में मंगलवार को आपकी योजना, आपकी सरकार, आपके द्वार कार्यक्रम में कही. अपने संबोधन में केंद्र सरकार व विपक्ष पर वह हमलावर रहे. उन्होंने कहा कि कोरोना काल में कभी डीवीसी के बकाया के नाम पर तो कभी कुछ के नाम पर पैसा काट लिया गया. अब लगातार बयानबाजी की जा रही है कि राज्य में अपराध और भ्रष्टाचार बढ़ा है.
श्री सोरेन ने कहा कि झारखंड में 20 वर्षों तक राज करनेवाली सरकारों ने बंद कमरे में योजनाओं को समाप्त कर दिया था. हमारी सरकार ने जहां नजरें नहीं जा रही थी, वहां योजनाएं पहुंचायी है. पूर्व की सरकार में भुखमरी की स्थिति थी. हाथ में राशन कार्ड होने पर भी जान चली जाती थी .
न खाने के लिए अनाज दे रहे थे, न तन ढकने के लिए कपड़ा. हमने इस व्यवस्था को बदला है. हमारी सरकार बनते ही कोरोना का प्रकोप आ गया. उस समय केंद्र के सौतेले व्यवहार के बावजूद हमने जंग जारी रखी. राज्य के किसी मजदूर को मरने नहीं दिया. इस वर्ष सुखाड़ की चुनौती से भी निपटेंगे.
राज्यमंत्री पाटिल ने कहा : केंद्र भेदभाव नहीं करता और न ही जाति-धर्म की राजनीति
केंद्रीय राज्यमंत्री पंचायती राज कपिल मोरेश्वर पाटिल ने कहा है कि जब से केंद्र में पीएम मोदी के नेतृत्व में सरकार बनी है, तब से गांव व गरीब को फोकस कर योजनाएं बनायी जा रही हैं. गांव के विकास के लिए 17 मंत्रालयों से योजनाएं संचालित हो रही हैं. केंद्र सरकार कभी भी किसी राज्य सरकार के साथ भेदभाव नहीं करती है. केंद्र ने 15 वें वित्त आयोग से झारखंड को गावों के विकास के लिए वित्तीय वर्ष 2021-22 में 2,938 करोड़ रुपये दिये हैं.
केंद्र सरकार जाति व धर्म की राजनीति नहीं करती है. गांव का विकास कैसे हो, इसे लेकर काम करती है. श्री पाटिल मंगलवार को हरमू मैदान में प्रदेश भाजपा के पंचायती राज जनप्रतिनिधि अभिनंदन समारोह में बोल रहे थे.
भ्रम फैलाया जा रहा है :
श्री पाटिल ने कहा कि कई राज्यों में स्वामित्व योजना को लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है. कहा जा रहा है कि केंद्र सरकार जमीन का सेटेलाइट सर्वे करा कर उसका अधिग्रहण कर लेगी. यह निराधार है. केंद्र सरकार जमीन का सर्वे करा कर प्रॉपर्टी कार्ड जारी कर रही है, जिसके आधार पर संबंधित व्यक्ति लोन प्राप्त कर अपने व्यवसाय का विस्तार कर सकता है.
