Hemant Soren : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड सरकार का उद्देश्य राज्य के युवाओं की आशा-आकांक्षाओं के अनुरूप आगे बढ़ना है और सरकार इसी दिशा में आगे बढ़ती रहेगी. भाजपा अपना पारंपरिक काम झूठ, फरेब और षडयंत्र करती रहे. मुख्यमंत्री मंगलवार को झारखंड विधानसभा परिसर में मीडिया से बात कर रहे थे.
हमने सदन चलाने की पूरी कोशिश की
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने सदन को चलाने की पूरी कोशिश की. सबने देखा कि सदन में नोट उछाले और दिखाये गये. ये वही नोट हैं, जो उनकी (भाजपा) मौजूदगी और उनकी राजनीति का आधार हैं. उन्होंने कहा कि जब से भाजपा सत्ता में आयी है, तब से गरीबों, जरूरतमंदों और युवाओं की जेब से पैसा कैसे निकाला जा रहा है, यह सभी जानते हैं. आज यह भी देखने को मिला कि वह पैसा असल में कहां जा रहा है. श्री सोरेन ने कहा कि सच को आंच नहीं होती. जो चीजें सच है, वे कहीं न कहीं सभी बंदिशों को तोड़कर सामने आ ही जाती हैं.
भाजपा के कार्यकाल में दूसरे राज्यों के लोगों को मिलीं नौकरियां
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कोई छिपी हुई बात नहीं है कि भाजपा के कार्यकाल में दूसरे राज्यों के लोगों ने यहां बड़े पैमाने पर नौकरियां हासिल की है. विपक्ष के हर सवाल का सरकार के पास जवाब है, लेकिन उनकी महत्वाकांक्षाएं बहुत बड़ी है. हालात ऐसे हैं कि उनके लिए सच का सामना करना मुश्किल हो गया है. सीएम ने कहा कि भाजपा के कार्यकाल में दूसरे राज्यों के लोगों को नौकरी लगी है.
केंद्र की नीतियों से युवा खो रहे रोजगार
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं के भविष्य को लेकर राज्य सरकार जिस संकल्प के साथ काम कर रही है, वह सभी के सामने है. दूसरी ओर केंद्र सरकार की नीतियों की वजह से करोड़ों युवा नौकरी और रोजगार खो रहे हैं. छोटे, मध्यम और बड़े कारोबार बंद हो रहे हैं. ऐसे में रोजगार कहां से आयेगा.
मूलनिवासी को नौकरी मिली
उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में राज्य में कई छोटी-बड़ी नियुक्तियां हुई हैं. इन नियुक्तियों और परीक्षाओं पर सवाल भी खड़े हुए हैं और उनका समाधान करने का प्रयास भी किया गया है. उन्होंने कहा कि इन परीक्षाओं में चयनित 75 से 100 प्रतिशत तक अभ्यर्थी इसी क्षेत्र के मूल निवासी हैं.
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8500 से अधिक युवाओं ने दिये सुझाव : हेमंत सोरेन
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने युवाओं को संबोधित करते हुए सोशल मीडिया पर पोस्ट किया है. इसमें उन्होंने कहा है कि छात्रों की बात-छात्रों के साथ अभियान में (https://samvad jharkhand.gov.in) के तहत अब तक झारखंड के 8500 से अधिक युवा साथियों ने परीक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर अपने महत्वपूर्ण सुझाव दिये हैं.
सीएम ने बताया कि ओएमआर से लेकर परीक्षा कैलेंडर, स्कोरकार्ड, प्रश्नपत्र, परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता, तकनीक के बेहतर उपयोग और जेपीएससी सहित दोनों आयोगों में संवैधानिक दायरे में आवश्यक और जरूरी सुधारों से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुझाव हमारे पास आ रहे हैं. सीएम ने कहा कि जैसा मैने पहले भी कहा हमारा उद्देश्य केवल समस्याओं पर चर्चा करना ही नहीं है. हम वर्तमान की चुनौतियों का समाधान करते हुए ऐसी परीक्षा व्यवस्था का निर्माण करना चाहते हैं, जो वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों के लिए और पारदशी, निष्पक्ष, सुरक्षित, विश्वसनीय और जवाबदेह हो. इसलिए मैं झारखंड के अपने सभी युवा साथियों से फिर अपील करता हूं कि आप सभी अपने सुझाव देना जारी रखें.
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