रांची : स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग के मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा है कि राज्य की शिक्षा व्यवस्था में नेतरहाट आवासीय विद्यालय के मॉडल को आगे बढ़ाया जायेगा. यहां के पठन-पाठन के बारे में दूसरे विद्यालयों को भी बताया जायेगा. नेतरहाट आवासीय विद्यालय देश के टॉप विद्यालयों में एक है. यहां के विद्यार्थी देश-विदेश में उच्च पदों पर आसीन हैं.
राज्य की शिक्षा व्यवस्था में नेतरहाट विद्यालय के मॉडल को आगे बढ़ायेंगे
रांची : स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग के मंत्री जगरनाथ महतो ने कहा है कि राज्य की शिक्षा व्यवस्था में नेतरहाट आवासीय विद्यालय के मॉडल को आगे बढ़ाया जायेगा. यहां के पठन-पाठन के बारे में दूसरे विद्यालयों को भी बताया जायेगा. नेतरहाट आवासीय विद्यालय देश के टॉप विद्यालयों में एक है. यहां के विद्यार्थी देश-विदेश […]

ऐसे में राज्य में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ और बेहतर बनाने का काम नेतरहाट विद्यालय से शुरू करेंगे. राज्य में शिक्षा की व्यवस्था को बेहतर करने के लिए सभी लोगों का सहयोग लिया जायेगा. शिक्षा मंत्री ने कहा कि स्कूली शिक्षा व साक्षरता विभाग की पहली समीक्षा बैठक नेतरहाट विद्यालय में होगी.
बैठक में शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ-साथ राज्य के सभी प्रमंडल के क्षेत्रीय उप शिक्षा निदेशक, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक समेत अन्य पदाधिकारी शामिल होंगे. राज्य में फिलहाल मैट्रिक व इंटर की परीक्षा चल रही है. परीक्षा समाप्त होने के बाद बैठक की तिथि की घोषणा की जायेगी. बैठक में प्राथमिक से लेकर प्लस टू उच्च विद्यालय तक के पठन-पाठन की स्थिति की बिंदुवार समीक्षा की जायेगी.
विद्यालयों में नामांकन की स्थिति की होगी समीक्षा : प्राथमिक से लेकर प्लस टू उच्च विद्यालय तक में नामांकन की स्थिति की समीक्षा की जायेगी. पिछले पांच सालों में स्कूलों में नामांकन की स्थिति क्या है? विद्यालयों में बच्चों का नामांकन बढ़ा है कि नहीं. मैट्रिक व इंटर की परीक्षा में शामिल होनेवाले विद्यार्थियों की संख्या कैसे कम हुई है?
शिक्षकों की नियुक्ति की समीक्षा : बैठक में शिक्षकों की नियुक्ति की समीक्षा की जायेगी. प्राथमिक विद्यालय, मध्य विद्यालय, उच्च विद्यालय व प्लस टू उच्च विद्यालय में शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया की समीक्षा की जायेगी. राज्य में शिक्षकों के रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया जल्द शुरू करने पर विचार किया जायेगा.
जनजातीय व क्षेत्रीय भाषा की पढ़ाई की स्थिति की भी समीक्षा
राज्य में स्कूली स्तर पर जनजातीय व क्षेत्रीय भाषा की पढ़ाई की स्थिति की भी समीक्षा की जायेगी. राज्य में उर्दू, बांग्ला समेत सभी क्षेत्रीय व जनजातीय भाषाओं की पढ़ाई, किताब व इन भाषाओं में शिक्षकों की नियुक्ति की स्थिति की समीक्षा की जायेगी.
चिह्नित किये जायेंगे विद्यालय : राज्य के सभी जिलों में एक-एक मॉडल विद्यालय को आवासीय बनाने की प्रक्रिया शुरू की गयी है. अन्य विद्यालयों को भी चिह्नित किया जायेगा.
जिला विद्यालयों को मॉडल स्कूल बनाने पर विचार : राज्य के जिला विद्यालयों को मॉडल स्कूल बनाने पर विचार किया जायेगा. राज्य में प्लस टू स्तर की पढ़ाई को बेहतर करने के लिए बैठक में विचार किया जायेगा.