रांची : रांची विवि में अब कर्मचारियों को तीन रुपये की जगह पांच रुपये किलोमीटर साइकिल भत्ता मिलेगा. उक्त निर्णय कुलपति की अध्यक्षता में शुक्रवार को वित्त समिति की बैठक में लिया गया. बैठक में द्वितीय पाली में नियुक्त घंटी अाधारित गेस्ट फेकल्टी को मानदेय का भुगतान एकाउंट ए से देने के प्राचार्य के प्रस्ताव को नहीं माना गया.
कर्मियों को अब पांच रुपये प्रति किमी मिलेगा साइकिल भत्ता
रांची : रांची विवि में अब कर्मचारियों को तीन रुपये की जगह पांच रुपये किलोमीटर साइकिल भत्ता मिलेगा. उक्त निर्णय कुलपति की अध्यक्षता में शुक्रवार को वित्त समिति की बैठक में लिया गया. बैठक में द्वितीय पाली में नियुक्त घंटी अाधारित गेस्ट फेकल्टी को मानदेय का भुगतान एकाउंट ए से देने के प्राचार्य के प्रस्ताव […]

कहा गया कि राशि की डिमांड राज्य सरकार से की जाये. सरकार द्वारा राशि उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में ही विवि आगे की कार्यवाही पर विचार करेगा. मालूम हो कि राज्य सरकार ने 2018 अौर 2019 के लिए राशि विवि को उपलब्ध नहीं करायी है.
सरकार ने तीन वर्ष तक पैसा देने की बात कही है. घंटी आधारित शिक्षकों की नियुक्ति 2015 में की गयी है. 32वें दीक्षांत समारोह में वर्क अॉर्डर से ज्यादा खर्च होने पर टेंट हाउस को अतिरिक्त चार लाख 35 हजार रुपये अौर 33वें दीक्षांत समारोह में वर्क अॉर्डर से ज्यादा आठ लाख 40 हजार रुपये टेंट हाउस को देने पर समिति ने अपनी सहमति प्रदान कर दी.
32वें दीक्षांत समारोह में लगभग 13 लाख 85 हजार रुपये अौर 33वें दीक्षांत समारोह में लगभग 22 लाख 10 हजार रुपये खर्च हुए. कंप्यूटर सेंटर में परीक्षा कार्य के लिए 70 लाख रुपये में सॉफ्टवेयर खरीदने की स्वीकृति प्रदान कर दी गयी. बैठक कुलपति के अलावा प्रतिकुलपति, वित्त परामर्शी, वित्त पदाधिकारी, रजिस्ट्रार, परीक्षा नियंत्रक, डॉ अशोक कुमार चौधरी, डॉ वीएस तिवारी, डॉ सीएसपी लुगून आदि उपस्थित थे.
स्नातक पार्ट-1 के 127 फेल, ओल्ड कोर्स में 273 विद्यार्थी हुए हैं पास
रांची. रांची विश्वविद्यालय के स्नातक ओल्ड कोर्स (पार्ट-1) में 400 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी. इसमें 127 फेल हो गये हैं. कुछ दिनों पहले ये रिजल्ट जारी किया गया था. वर्तमान में इस बैच के विद्यार्थियों की सालाना परीक्षा होती है.
वहीं नये कोर्स में सेमेस्टर सिस्टल लागू कर दिया गया है. अब इन फेल विद्यार्थियों के पास बस एक और मौका है परीक्षा देने का. इसके बाद इन्हें नये कोर्स में शिफ्ट होना होगा. इस परीक्षा में विवि के अंतर्गत आने वाले कुल 20 कॉलेज के विद्यार्थी शामिल हुए थे.
अब केवल एक मौका मिलेगा विद्यार्थियों को : स्नातक पार्ट वन के विद्यार्थियों के अब पार्ट वन में परीक्षा देने का केवल एक ही मौका मिलेगा. परीक्षा नियंत्रक डॉ राजेश कुमार का कहना है कि ओल्ड कोर्स के विद्यार्थी अब केवल पार्ट वन में एक ही परीक्षा दे सकते हैं. अगर इसमें भी फेल होते हैं तो उन्हें सेमेस्टर सिस्टम में शामिल होना होगा. उनके पास और कोई ऑप्शन नहीं होगा.
20 कॉलेजों के विद्यार्थियों ने दी थी परीक्षा
रांची विवि के 20 कॉलेजों के 2018-21 बैच के ओल्ड कोर्स के लगभग 400 विद्यार्थियों ने स्नातक पार्ट वन की परीक्षा दी थी. जिसमें 127 विद्यार्थी फेल हो गये हैं. इसमें 273 विद्यार्थी पास हुए हैं. कॉलेजों में चल रहे पुराने बैच में कई विषय में विद्यार्थी भी नहीं है. इसके कारण विवि को इस बैच के लिए स्पेशल परीक्षा का आयोजन किया जाता है. प्रश्नपत्र से लेकर मूल्यांकन के लिए स्पेशल तैयारी की जाती है.