पीएमओ ने राज्य सरकार को पत्र भेजा
रांची : अभिषेक मिश्रा ने अपनी मां सुचित्रा मिश्रा हत्याकांड में डीएनए सहित अन्य बिंदुओं की जांच कराने की मांग की है. जांच में पुलिस पर पक्षपात का आरोप लगाते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री कार्यालय को शिकायत की थी. प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस मामले को राज्य सरकार के हवाले कर दिया है.
अभिषेक मिश्रा द्वारा भेजे गये शिकायती पत्र में इस हत्याकांड की जांच में पक्षपात करने का आरोप लगाया गया है. पत्र में कहा गया है कि जांच के दौरान पुलिस ने कई बार उनका बयान लिया. लेकिन उनके बयान के महत्वपूर्ण बिंदुओं को केस डायरी में नहीं लिखा. इन्होंने अपनी मां की हत्याकांड में उस बच्चे के डीएनए जांच की मांग की है जिसे शशिभूषण मेहता ने अपना और अपनी पत्नी किरण मेहता का बताया है.
शिकायती पत्र में यह कहा गया है कि शशिभूषण मेहता और उनकी मां का संबंध था. सुचित्रा मिश्रा ने फरवरी 2011 में एक बच्चे को जन्म दिया था. शशिभूषण मेहता ने इस बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र दिल्ली से बनवाया. प्रमाण पत्र में वर्तमान और स्थायी पता दिल्ली बताया. साथ ही बच्चे की मां का नाम किरण मेहता लिखवाया. शिकायती पत्र में कहा गया है कि शशिभूषण मेहता की पत्नी किरण मेहता राज्य सरकार की कर्मचारी हैं. 2011 में वह खूंटी जिले में पदस्थापित थीं.
इसलिए इस बात की भी जांच होनी चाहिए थी कि वर्ष 2011 में वह मातृत्व अवकाश पर थीं या नहीं. लेकिन पुलिस ने जान बूझ कर इस बात की जांच नहीं की. बच्चे के जन्म प्रमाण पत्र की जांच के नाम पर सिर्फ इसमें लिखे गये ब्योरे को केस डायरी में लिख दिया गया. इस बात की जांच नहीं की गयी कि जन्म प्रमाण पत्र बनाने के लिए किस तरह के दस्तावेज का इस्तेमाल किया गया.
इस हत्याकांड की गंभीरता और हत्या के कारणों का सही सही पता लगाने के लिए इस बात की भी जांच होनी चाहिए कि किरण मेहता, उस बच्चे की असली मां है या नहीं जिस बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र दिल्ली नगर निगम से बनवाया गया. अभिषेक ने अपनी मां की हत्या के मामले की जांच सीआइडी से कराने की भी मांग की है.
