झारखंड विधानसभा चुनाव 2019 : प्रभात खबर से विशेष बातचीत में बोले भूपेश बघेल, सामाजिक-आर्थिक विकास का मुद्दा है नक्सलवाद

छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल झारखंड में हैं. बुधवार को इन्होंने पहले चरण में चुनाव वाले विधानसभा क्षेत्रों में रैलियां की. बुधवार की शाम को रांची के रेडिसन ब्लू होटल में उन्होंने प्रभात खबर संवाददाता संजय से विभिन्न मुद्दों पर बात की. यहां उनके साथ हुई बातचीत के प्रमुख अंश दिये जा […]

छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल झारखंड में हैं. बुधवार को इन्होंने पहले चरण में चुनाव वाले विधानसभा क्षेत्रों में रैलियां की. बुधवार की शाम को रांची के रेडिसन ब्लू होटल में उन्होंने प्रभात खबर संवाददाता संजय से विभिन्न मुद्दों पर बात की. यहां उनके साथ हुई बातचीत के प्रमुख अंश दिये जा रहे हैं.
Q झारखंड के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के लिए क्या संभावना है?
देखिए. छत्तीसगढ़ में 15 साल सत्ता में रहनेवाली भाजपा सरकार 15 सीटों पर सिमट गयी. झारखंड में भी यही होने जा रहा है. यहां साफ लग रहा है कि लोग परिवर्तन चाहते हैं. छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार ने गत 11 महीनों में जैसा काम किया है. झारखंड में हमारी गठबंधन की सरकार वैसा ही काम करेगी.
Q अापकी सरकार ने क्या उल्लेखनीय कार्य किया है?
भवन निर्माण करना विकास नहीं है. विकास का मतलब है आम लोगों व महिलाअों को जीने के साधन उपलब्ध कराना. उन्हें उनके अधिकार देना. हमने छत्तीसगढ़ में गोठान योजना शुरू की गयी है. हम वहां धान कटाई के बाद बचे खूंट को एक जगह लाकर खाद बना रहे हैं.
राज्य भर में ऐसे दो हजार गोठान बनाये गये हैं. इससे भूसा जलाने व प्रदूषण फैलाने का सवाल ही खत्म हो गया. यह भूसा मवेशियों के खाने के भी काम अा रहा है. छत्तीसगढ़ में अब मवेशी बाहर घूमते नहीं मिलते तथा चराई की समस्या भी नहीं है. जनजातीय व ग्रामीण इलाके में हर जगह हमने डॉक्टर, मास्टर व नर्स नियुक्त किया है. शिक्षा व स्वास्थ्य हमारी प्राथमिकता में है. एनिमिक बच्चों के लिए हमने सुपोषण योजना शुरू की है. हमारे यहां 41 फीसदी बच्चे एनिमिक हैं.
Q नक्सलवाद झारखंड व छत्तीसगढ़ दोनों की समस्या है. आपकी समझ से इसका क्या समाधान है?
यह लॉ एंड अॉर्डर की समस्या नहीं है. यह सामाजिक-आर्थिक विकास तथा विश्वास का मामला है. छत्तीसगढ़ में पहले यह समस्या तीन-चार प्रखंडों में थी. आज 14 जिले प्रभावित हैं. जम्मू-कश्मीर को छोड़ सबसे ज्यादा पारा मिलिट्री फोर्स छत्तीसगढ़ में है. पर इससे समाधान नहीं होनेवाला. हमारी सरकार ने बस्तर जिले में 10 गांवों के लोगों को उनकी 4200 एकड़ जमीन लौटा दी, जो उनसे उद्योग स्थापित करने के नाम पर ली गयी थी. हम ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं.
Q झारखंड सरकार का दावा है कि यहां विकास के कई कार्य हुए है. क्या कहेंगे आप?
झारखंड में बेहतर योजना बना कर काम नहीं हो रहा है. हर काम में कमीशनखोरी है. भाजपा राम मंदिर के मसले को भुना रही है. सुप्रीम कोर्ट का निर्णय भुनाया जा रहा है. सुप्रीम कोर्ट के आदेश से जो होना है, वह होगा तथा सबको मान्य होगा. इसके बजाय भाजपा को पुलवामा में शहीद हुए जवानों की मौत की जांच करनी चाहिए. देश को पता चलना चाहिए कि विस्फोटक आया कहां से.
Q झारखंड के लोगों के लिए कोई संदेश
देखिये हम दोस्त बदल सकते हैं, पर पड़ोसी नहीं. हम चाहेंगे कि दोनों पड़ोसी राज्यों में विकास के बेहतर काम हों तथा जनता सुखी व स्वस्थ रहे.

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