बेहतर पर्यटन सुविधा के वादे के साथ कार्यक्रम संपन्न
रांची : झारखंड नैसर्गिक सौंदर्य से परिपूर्ण है और यहां हर तरह के पर्यटन विकास की अत्यधिक संभावनाएं है. जहां एक ओर यह प्रदेश प्राकृतिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों से संपन्न है, वहीं कला और संस्कृति की दृष्टि से इसकी ख्याति पूरी दुनिया में है. पर्यटन दिवस पर आयोजित झारखंड टूर कॉन्क्लेव के दूसरे दिन यह बातें सचिव राहुल शर्मा ने कहीं.
उन्होंने कहा कि विश्व में पर्यटन सर्वाधिक रोजगार उपलब्ध कराने वाले क्षेत्रों में से एक है. ऐसे में पर्यटकों की संख्या बढ़ाना हमारा ध्येय होना चाहिए, इसके लिए हमें महत्वाकांक्षी बनने की जरूरत है. झारखंड का फोकस बौद्ध पर्यटन के साथ ही एडवेंचर टूरिज्म पर है. सरकार इटखोरी में म्यूजियम खोल रही है, यह छह माह में पूरा हो जायेगा.
मौके पर होटल व इससे जुड़े सर्विस इंडस्ट्री को पुरस्कृत किया गया. वहीं इटखोरी पर एक स्मारिका का भी विमोचन किया गया. कॉन्क्लेव में पूर्व मुख्य सचिव एसके चौधरी, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉपोर्रेशन (कर्नाटक) की उपाध्यक्ष गुरलीन कौर, कोलकाता विवि के डॉ रजत सन्याल सहित होटल इंडस्ट्री और ब्रांबे स्थित होटल प्रबंध संस्थान (आइएचएम) कई छात्र मौजूद थे.
बेहतर आतिथ्य के लिए इन्हें मिला सम्मान
टूर कॉन्क्लेव में विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर पुरस्कार समारोह शुरू किया गया. इसमें जेटीडीसी को प्रबंधन, आइएचएम को स्वछता पखवाड़ा के लिए, अपने मध्ययुगीन थीम पर अाधारित रेस्तरां रुइन हाउस को अपनी खास पहचान और उत्कृष्टता के लिए, ग्रेट कबाब फैक्ट्री, कावेरी, मोती महल रेस्तरां, होटल ली लैक, रामदा जमेशदपुर, इम्पीरियल हाइट्स देवघर, जैका रिसॉर्ट्स, जय ट्रेवल्स, ट्रेवल स्टार, सुहाना टूर एंड ट्रैवल्स, होटल रेडिसन ब्लू, होटल बीएनआर चाणक्य, कैपिटल रेसीडेंसी, येलो सफायर को पुरस्कृत किया गया.
