रांची : सुदूरवर्ती ग्रामीण क्षेत्र से इलाज के लिए रिम्स आनेवाले आदिवासियों की मदद के लिए झारखंड आदिवासी विकास समिति ने मंगलवार से यहां आदिवासी हेल्पलाइन शुरू किया गया है. इसका उदघाटन वीर बिरसा मुंडा के वंशज सुखराम मुंडा, पद्मश्री सिमोन उरांव व रिम्स के निदेशक डॉ डीके सिंह ने किया.
झारखंड आदिवासी विकास समिति के अध्यक्ष प्रभाकर नाग ने बताया कि इतने बड़े सरकारी अस्पताल में गरीब अशिक्षित, भोले-भाले आदिवासियों को कई बार यह पता नहीं चलता है कि कहां ब्लड टेस्ट होता है या कहां सीटी स्कैन होता है. जानकारी के अभाव में वे सरकारी योजनाओं तहत मुफ्त इलाज, दवा, ऑपरेशन आदि का लाभ लेने से वंचित रह जाते हैं. कई बार ठगे भी जाते हैं. रिम्स इमरजेंसी के समक्ष हेल्पलाइन काउंटर में समिति द्वारा कुड़ुख, मुंडारी, खड़िया व सादरी जाननेवाले चार वालंटियर तैनात किये गये हैं, जो निशुल्क सेवा देंगे.
उन्होंने कहा कि समिति पहले से गैंगरेप पीड़िताें व मानव तस्करी की शिकार पीड़ितों की मदद, इलाज और मुआवजा के लिए सक्रिय है. हेल्पलाइन खुलने से उन्हें तत्काल मदद भी दी जा सकेगी. इससे पूर्व सरना प्रार्थना सभा द्वारा पूरे विधि विधान से पूजा की गयी. इस अवसर पर समिति के संरक्षक जतरू मुंडा, झरिया उरांव, अनूप खलखो, संजय कुजूर, दिनेश मुंडा, कंचन मुंडा, शांतिमणि कुजूर, बसंती खलखो, मंजू कुजूर, सुंदर खलखो, पूनम लकड़ा, ललिता तिग्गा, सहोदरी उरांव, हीरामणि उरांव, भीम तिर्की, राजकिशोर बेदिया मनकुंवर बैगा, सुखदेव उरांव व अन्य मौजूद थे.
रिम्स : एमबीबीएस में नामांकन आज से
रांची. एमबीबीएस सत्र 2019 मेें बुधवार से रिम्स में नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो जायेगी. नामांकन की प्रक्रिया सोमवार को रिम्स ऑडिटोरियम में की जायेगी. रिम्स के स्टूडेंट सेक्शन ने नामांकन की तैयारी पूरी कर ली है.
