रांची : वॉलमार्ट-फ्लिपकार्ट के प्रस्तावित अधिग्रहण को मंजूरी मिलने पर कंफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने गुरुवार को चेंबर भवन में झारखंड चेंबर के साथ बैठक की. कैट के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि दुनिया का सबसे बड़ा रिटेलर भारत में अपने पांव पसारने के लिए फ्लिपकार्ट का इस्तेमाल कर रहा है.
इस मसौदे से देश में कार्यरत छोटे रिटेलर, डिस्ट्रीब्यूटरों के सामने बेरोजगारी की समस्या उत्पन्न हो जायेगी. वॉलमार्ट जहां गया, वहां का व्यापार समाप्त हो गया. यह सौदा नैतिक रूप से सही नहीं है.
कैट के प्रतिनिधियों ने कहा कि उन्होंने शुरू से ही इस मसौदे का विरोध किया है. देश की जीडीपी में व्यापारियों व उद्यमियों का योगदान 45 फीसदी है. उन्होंने कहा कि खुदरा व्यापारियों की समस्याओं को देखते हुए कैट ने 28 सितंबर को भारत व्यापार बंद का आह्वान किया है. कैट के झारखंड चैप्टर के अध्यक्ष अर्जुन जालान ने कहा कि झारखंड में इस बंदी को सफल बनाने में झारखंड चेंबर सहयोग करें. यह सौदा व्यापार एवं व्यापारियों के हित में नहीं है.
यह केवल खुदरा व्यापारी का बिंदु नहीं है. खुदरा व्यापारी सबसे नीचे तबके का है, जो बड़े निर्माताओं को सहारा देता है. जब खुदरा व्यापारी ही नहीं रहेंगे, तो तब बड़े उद्योग से लेकर हर छोटे दुकानदार सभी बंद हो जायेंगे.
संबद्ध संस्थाओं के साथ की जायेगी बैठक : चेंबर अध्यक्ष दीपक कुमार मारू ने कहा कि सभी संबद्ध संस्थाओं के साथ बैठक कर उचित निर्णय लिया जायेगा. बैठक में चेंबर की उपाध्यक्ष सोनी मेहता, सह सचिव प्रवीण जैन छाबड़ा, कार्यकारिणी सदस्य परेश गट्टानी, रांची चेंबर के अध्यक्ष शंभु गुप्ता, हरि कानोडिया, झारखंड कंज्यूमर प्रोडक्ट्स डिस्ट्रीब्यूटर्स एसोसिएशन के सचिव संजय अखौरी, अनिल शर्मा उपस्थित थे.
