रांची : झारखंड हाइकोर्ट में मंगलवार को विवाह कानून के तहत तलाक दाखिल करने की समयावधि तय करनेवाले नियम को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई हुई.
एक्टिंग चीफ जस्टिस डीएन पटेल व जस्टिस अमिताभ कुमार गुप्ता की खंडपीठ ने इस मामले में हाइकोर्ट को प्रतिवादी बनाते हुए नोटिस जारी करने का निर्देश दिया. उल्लेखनीय है कि प्रार्थी विधि के छात्र विभोर मयंक तिवारी ने जनहित याचिका दायर कर हाइकोर्ट द्वारा वर्ष 2017 में बनाये गये नियम को चुनाैती दी है. नियम के अनुसार तलाक दाखिल करने की अवधि तीन साल कर दी गयी है, जबकि एक्ट के अनुसार समयावधि एक साल है.
