रामगढ़,भुरकुंडा. विधायक रोशनलाल चौधरी ने झारखंड विधानसभा में शून्य काल के दौरान सौंदा डी पंचायत के विस्थापित परिवारों के पुनर्वास का मुद्दा प्रमुखता से उठाया. उन्होंने सरकार से सौंदा डी पंचायत को पुनर्वास नीति के अनुरूप सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के बाद ही विस्थापित करने की मांग की.
पंचायत क्षेत्र में लगभग 10 हजार की आबादी
विधायक रोशनलाल चौधरी ने सदन को बताया कि वर्तमान में पंचायत क्षेत्र में लगभग 1400 आवास, 12 मंदिर, एक मस्जिद, एक चर्च, श्मशान घाट, कब्रिस्तान, पंचायत भवन, आंगनबाड़ी केंद्र, मध्य विद्यालय, उच्च विद्यालय मौजूद है. विधायक ने कहा कि इन बुनियादी सुविधाओं व यहां निवास कर रहे लगभग 10 हजार की आबादी का समुचित पुनर्वास व वैकल्पिक व्यवस्था किये बिना विस्थापन की कार्रवाई उचित नहीं है.
ये भी पढ़ें: स्याहीकांड पर गरमाई सियासत, महिला आंदोलनकारी के समर्थन में उतरी इंकलाबी नौजवान सभा
पुनर्वास के बाद ही हो सौंदा डी में विस्थापन
उन्होंने सरकार से स्पष्ट मांग की कि पुनर्वास नीति के तहत सभी आवश्यक सुविधाएं विकसित करने के बाद ही सौंदा डी पंचायत के लोगों को विस्थापित करें. विधायक ने कहा कि विकास परियोजनाओं के लिए विस्थापन आवश्यक हो सकता है, लेकिन विस्थापित परिवारों के सम्मानजनक पुनर्वास, मूलभूत सुविधाओं व सुरक्षित भविष्य की जिम्मेदारी सरकार की है. किसी भी कीमत पर प्रभावित ग्रामीणों के अधिकारों व हितों की अनदेखी नहीं होने दी जायेगी.
