पतरातू. पतरातू स्थित हेसला पंचायत भवन में मंगलवार को विस्थापित प्रभावित ग्रामीणों की बैठक हुई. बैठक में पंचायत को उजाड़ने की कार्रवाई के खिलाफ विरोध दर्ज करते हुए रामगढ़ जिला समाहरणालय के समक्ष हजारों लोगों की उपस्थिति में अनिश्चितकालीन धरना देने का निर्णय लिया गया. धरने की तिथि की घोषणा शीघ्र करने की बात कही गयी. बैठक में ग्रामीणों ने बताया कि हाल के दिनों में जिन लोगों के घर तोड़े गये हैं, उनकी स्थिति बेहद दयनीय हो गयी है. कई परिवारों का न केवल आशियाना उजड़ गया है, बल्कि उनका रोजगार भी छिन चुका है. इससे वे भुखमरी जैसी स्थिति का सामना करने को मजबूर हैं. ग्रामीणों ने आशंका जतायी है कि प्रशासन की ओर से आगे भी कार्रवाई की जा सकती है. इससे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है. ग्रामीणों ने कहा कि वे अब करो या मरो की स्थिति में आंदोलन को आगे बढ़ाने को बाध्य हैं. निर्णय लिया गया कि समस्या के स्थायी समाधान तक जिला मुख्यालय में अनिश्चितकालीन धरना देकर डेरा डाला जायेगा. इसका समाधान होने तक आंदोलन जारी रहेगा. बैठक में तय किया गया कि हेसला पंचायत में रह रहे प्रभावित लोगों की सूची तैयार की जायेगी. इसके लिए एक मई को सुबह 11 बजे से पंचायत भवन में सूचीकरण का कार्य किया जायेगा. बैठक की अध्यक्षता प्रदीप महतो ने की. संचालन वीरेंद्र झा ने किया. मौके पर प्रमोद यादव, अनुज कुमार, चंदन कुमार, गुड़िया कुमारी, उषा कुमारी, सुनीता देवी, एनके सिंह, जीरवा देवी, निभा देवी, संतू सोरेन, सतीश भारद्वाज, अभिषेक सिंह, दिनेश कुमार सिंह, अरविंद कुमार राय, बिगन कुमार उपस्थित थे.
हेसला पंचायत को उजाड़ने के विरोध में ग्रामीणों का आंदोलन, अनिश्चितकालीन धरने की तैयारी
हेसला पंचायत को उजाड़ने के विरोध में ग्रामीणों का आंदोलन, अनिश्चितकालीन धरने की तैयारी
