श्रीवास्तव गुट के निशाने पर था गज्जू, गलतफहमी में चली गज्जू के भाई पर गोली. जवाबी कार्रवाई में पांडेय गिरोह के लोगों ने दिलावर पर किया हमला. श्रीवास्तव गुट के चार को जेल.
भुरकुंडा : भुरकुंडा और पतरातू क्षेत्र में लगातार हुई गोलीबारी की घटना को हजारीबाग डीआइजी उपेंद्र सिंह ने गैंगवार का परिणाम बताया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि इस क्षेत्र में भोला पांडेय व सुशील श्रीवास्तव गिरोह वर्षों से वर्चस्व की लड़ाई लड़ रहा है. इसी के परिणामस्वरूप श्रीवास्तव गुट के अपराधियों ने मंगलवार रात को सौंदा बस्ती में पांडेय गिरोह के करीबी गज्जू साव के भाई महेश प्रसाद व एक अन्य को गोली मारकर जख्मी कर दिया.
हालांकि अपराधियों का टारगेट गज्जू था. इसकी जवाबी कार्रवाई में पांडेय गिरोह के लोगों ने बुधवार की सुबह पीटीपीएस में श्रीवास्तव गिरोह के करीबी रहे दिलावर अंसारी पर निशाना साधकर ताबड़तोड़ गोलियां बरसायी. डीआइजी ने बताया कि गज्जू के भाई महेश को गोली मारनेवाले चार अपराधियों बोकारो के गोविंद तुरी, भुरकुंडा के विकास उर्फ विक्की अंथोनी, सौंदा डी दोतल्ला के सौरभ उर्फ अंशु व रिवर साइड के छोटू खान को पुलिस ने पकड़ लिया है.
अपराधियों के पास से तीन नाइन एमएम का पिस्टल, एक प्वाइंट 315 का देसी पिस्टल, 14 कारतूस व दो खोखा सहित सात मोबाइल व दो बाइक बरामद किया गया है. सभी अपराधियों ने गोली चालन कांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है. इसके लिए उन्हें 20-20 हजार रुपया व हथियार उपलब्ध कराया गया था. लोकल स्तर पर विक्की ने सभी को हथियार मुहैया करायी थी. हालांकि पुलिस का कहना है कि विक्की को श्रीवास्तव गुट के एक व्यक्ति ने हथियार दिया था. जिसे शीघ्र पकड़ लिया जायेगा.
डीआइजी ने बताया कि गोली तुरी व सौरभ ने चलायी थी. पकड़े गये अपराधियों में से सौरभ को छोड़ कर तीनों पूर्व में भी जेल जा चुके हैं. जिसके कारण उनका संबंध जेल में ही श्रीवास्तव गुट के लोगों से हुआ था. उक्त अपराधी सुशील श्रीवास्तव का बेटा अमन और जेल में बंद रियाज व रवि सरदार के इशारे पर गज्जू को मारने आये थे. गलतफहमी में उसके भाई व एक अन्य को निशाना बनाया.
