पलामू व्यवहार न्यायालय में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया जायेगा. लोक अदालत नालसा व झालसा के निर्देश पर प्रधान जिला व सत्र न्यायाधीश दिवाकर पांडेय के निर्देश पर लगाया जा रहा है. जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव राकेश रंजन ने बताया कि इसके लिए 15 बेंच का गठन किया गया है. इसका उद्घाटन ऑनलाइन किया जायेगा. बताया कि पिछले बार के राष्ट्रीय लोक अदालत में करीब 55 हजार मामले सेटल किए गये थे. इस बार करीब 65 हजार मामले सेटल होने की संभावना है. मेडिएशन फॉर द नेशन के तहत 250 केस रेफर किये गये थे. जिसमें 125 केस सुलह किया गया है. चेक बाउंस के 100 मामले सेटल किये गये हैं. बताया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में फॉरेस्ट एक्ट, एक्साइज एक्ट, बिजली सहित अन्य कंपाउंडेबिल केस का निराकरण किया जाता है.
उन्होंने कहा कि लोक अदालत में जिस केस का भी निराकरण किया जाता है. उसे जड़ से खत्म कर दिया जाता है. बताया कि जिस केस का जड़ जहां से रहता है. वहीं से इसे खत्म कर दिया जाता है. बताया कि उत्पाद विभाग के मामले में 10 लीटर तक कंपाउंडेबल रहता है. लेकिन राष्ट्रीय लोक अदालत में यह 50 लीटर के नीचे तक उत्पाद के मामलों में इसे सेटल किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि इसके लिए सभी जगह पर जागरूकता अभियान भी चलाया गया है. डोर टू डोर जाकर भी लोगों को इसके बारे में बताया गया है. इस साल का तीसरा लोक अदालत है. उन्होंने कहा कि वीर परिवार सहायता योजना 2025 के लिए एक डेडीकेटेड सेल का भी उद्घाटन किया जा रहा है. इसका उद्घाटन झारखंड के मुख्य न्यायाधीश त्रिलोक सिंह चौहान द्वारा ऑनलाइन किया जायेगा. इसके तहत यदि एक्स सर्विसमैन का यदि कोई लीगल मैटर है, तो वे वहां अपनी बात को रख सकते हैं. तीन एक्स सर्विसमैन को भी लॉयर में रखा गया है. जबकि सात एक्स सर्विसमैन को पीएलबी के रूप में रखा गया है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
