विडंबना : जिले के लोग आयरन व फ्लोराइड युक्त पानी पीने को विवश
पाकुड़ : जिले के लोग आयरन व फ्लोराइड युक्त पानी पीने को विवश हैं. पेयजल स्वच्छता विभाग एवं सरकार द्वारा लोगों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने के दावे तो किये जा रहे हैं, लेकिन आज भी फ्लोराइड व आयरन की ज्यादा मात्र वाले पानी से लोगों को प्यास बूझाना पड़ रहा है.
जिले के महेशपुर प्रखंड के सभी पंचायतों में स्थित चापानलों में सबसे ज्यादा आयरन की मात्र पायी गयी है. विभाग द्वारा जल जांच के लिए लिये गये सैंपल में नॉर्मल मात्र 0.3 के स्थान पर 0.10 मीलीग्राम प्रतिलीटर आयरन पाये गये हैं. पाकुड़ प्रखंड के सात पंचायतों दादपुर, पोचाथोल, कोलाजोरा, मनिरामपुर, शहरकोल एवं सोनाजोड़ी के अधिकांश चापानलों में सैंपल जांच के दौरान पीने के पानी में फ्लोराइड , आयरन व टीडीएस की मात्र अधिक पायी गयी है.
पेयजल स्वच्छता विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक लिट्टीपाडा प्रखंड के जोरडीहा, तालझारी, सूरजबेडा, सोनाधनी, कुंजबोना, करमाटांड़ पंचायत में फ्लोराइड व आयरन की अधिक मात्र जांच के दौरान पायी गयी है. पाकुड़िया प्रखंड के गणपुरा, फुलझिंझरी, खजुरडंगाल में फ्लोराइड एवं टीडीएस की मात्र अधिक पाये गये हैं. पेयजल स्वच्छता विभाग द्वारा लाखों रुपये की राशि से बनाये गये जल जांच घर में आयरन, नाइट्रेट, फ्लोराइड, टीडीएस, अलकालीनीटी, पीएच, टुरवीडीटी एवं आरसेनिक जांच की व्यवस्था की गयी है परंतु अब तक लैब में आर्सेनिक जांच के लिए न तो कीट और न ही केमिकल की व्यवस्था बहाल की गयी है.
