सेन्हा़ धारधरिया जलप्रपात के समीप 3 मई 2011 को हुए भीषण नक्सली हमले में सर्वोच्च बलिदान देने वाले 11 वीर जवानों को रविवार को भावभीनी श्रद्धांजलि दी गयी. सेन्हा थाना परिसर में स्थित धारधरिया जलप्रपात स्मारक के पास थाना प्रभारी नीरज झा के नेतृत्व में पुलिस बल ने दो मिनट का मौन रख शहीदों को नमन किया. बलिदान से आया अमन-चैन : थाना प्रभारी नीरज झा ने कहा कि वीरों का बलिदान कभी व्यर्थ नहीं जाता. इन्हीं जांबाज जवानों की शहादत का परिणाम है कि आज लोहरदगा जिला और झारखंड नक्सलवाद से मुक्त होकर अमन-चैन की राह पर है. पुलिस मेंस एसोसिएशन के सचिव रूपनारायण महतो ने कहा कि इन जवानों की बहादुरी हमें अपराध और उग्रवाद के खिलाफ संघर्ष करने का निरंतर हौसला देती रहेगी. इन वीरों ने दी थी शहादत : उल्लेखनीय है कि 2011 के उस हमले में जिला पुलिस बल के हवलदार चंद्र शेखर सिंह, जवान दिनेश महतो, प्रमोद कुमार राय, लाल चिक बड़ाइक, राजेश कच्छप और सीआरपीएफ के अनि प्रताप सिंह, हवलदार डीसी डेका, टीएन सिंह, राधेकृष्ण, सतवीर सिंह व गजेंद्र सिंह शहीद हो गये थे. मौके पर पुअनि दयानंद सरस्वती, सअनि राजकुमार बैठा, एसोसिएशन के उपाध्यक्ष भरत चंद्र महतो, गंगा लकड़ा, ललित साहू, वीणा एक्का सहित कई पुलिस जवान और चौकीदार उपस्थित थे.
वीरों का बलिदान कभी व्यर्थ नहीं जाता है : नीरज झा
वीरों का बलिदान कभी व्यर्थ नहीं जाता है : नीरज झा
