लोहरदगा़ पाखर पंचायत के सचिव विश्वनाथ प्रजापति ने उपायुक्त और वरीय अधिकारियों को आवेदन देकर शकील अख्तर पर भ्रष्टाचार और धमकी के गंभीर आरोप लगाये हैं. सचिव का दावा है कि शकील ने रद्द हो चुके जीएसटी नंबर के जरिये करीब 2.73 करोड़ रुपये का फर्जी भुगतान प्राप्त किया है और मनरेगा की अधूरी योजनाओं की फर्जी मापी पुस्तिका तैयार करवाई है. शकील खुद को जेजेएमपी कमांडर और राजनीतिक दल का नेता बताकर पांच लाख रुपये लेवी मांग रहा है और जान से मारने की धमकी दे रहा है. शकील के खौफ के कारण पूर्व में एक सहायक अभियंता को नौकरी तक छोड़नी पड़ी थी. इसमें प्रदीप राणा और सुनील राम उसके सहयोगी हैं. सचिव ने इस पूरे सिंडिकेट की जांच और सुरक्षा की मांग की है.
फर्जी जीएसटी और धमकी मामले में पंचायत सचिव ने उपायुक्त से लगायी गुहार
फर्जी जीएसटी और धमकी मामले में पंचायत सचिव ने उपायुक्त से लगायी गुहार
