पाइप टिकाने के लिए युद्ध स्तर पर हो रहा है पिलर का निर्माण
लोहरदगा : लोहरदगा में गरमी के दस्तक देने के साथ ही पेयजल संकट शुरू हो गया. शहरी क्षेत्र में दो दिन से तकनीकी खराबी के कारण पूरे शहर में जलापूर्ति ठप है. लोग बूंद-बूंद पानी के लिए भटक रहे हैं. शहर के अधिकतर चापानल खराब हैं. जलापूर्ति योजना से ही लोगों की प्यास बुझती है.
कोयल नदी में बने इंटक वेल से पंप हाउस के बीच का मुख्य पाइप जिस पिलर के सहारे टिका था, वह पिलर ही ध्वस्त हो गया है. पहले पिलर की मरम्मत की कोशिश हुई, लेकिन यह संभव न हो सका. विभाग के तकनीकी अधिकारियों ने अब संवेदक कुमार संदीप को नये सिरे से पिलर बनाने के आदेश दिये हैं. निर्माण कार्य शुरू हो गया है, लेकिन इसके बनने में चार दिन और लगेंगे. तब तक पेयजल की आपूर्ति बाधित रहेगी.
नगर पर्षद अध्यक्ष पावन एक्का ने कहा है कि जब तक जलापूर्ति की व्यवस्था दुरुस्त नहीं होती, टैंकर से जलापूर्ति करायी जायेगी. जनता को किसी भी कीमत मे पानी उपलब्ध कराने की नगर पर्षद तैयारी कर रहा है. एक्का ने कहा कि कोयल नदी में बालू का अस्थायी बांध बना कर पानी रोकने का प्रयास किया गया है. इसके साकारात्मक परिणाम मिले हैं.
आनेवाले दिनों में शहरी क्षेत्रों में पानी की समस्या का स्थायी निदान हो सकता है. उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र में तीन पानी टंकी का निर्माण नगर पर्षद करायेगा. इसका डीपीआर तैयार कराया जा रहा है. जिन इलाकों में पाइपलाइन नहीं पहुंची है, वहां पाइपलाइन पहुंचाने की व्यवस्था की जा रही है.
