क्रेज व होप के संयुक्त तत्वावधान में स्तनपान को लेकर प्रेस कांफ्रेंस आयोजितएलडीजीए- 1 जानकारी देते मनोरमा एक्का वअन्य.लोहरदगा. स्तनपान को लेकर जागरूकता व क्षेत्र में व्याप्त भ्रांतियों को लेकर एक फरवरी से 28 फरवरी तक पूरे झारखंड में 12 साथी संस्थाओं द्वारा स्तनपान पखवारा मनाया जा रहा है. इसे लेकर क्रेज व होप के संयुक्त तत्वावधान में स्तनपान को लेकर प्रेस कांफ्रेंस का आयोजन छत्तरबगीचा स्थित होप कार्यालय में शुक्रवार को हुई. पखवारा को मनाने का मुख्य उद्देश्य है कि सभी बच्चे स्वस्थ व सुदृढ़ हो. क्षेत्रों में ऐसा पाया गया है कि ज्यादातर मां स्तनपान के प्रति सजग नहीं है. वे दो से तीन माह के बच्चें को भी औरों के भरोसे या उसके बड़े भाई-बहनों के भरोसे छोड़ काम करते हैं और मजदूरी के बीच ही स्तनपान कराते हैं. साफ-सफाई से उनका कोई सरोकार नहीं होता व धात्री मां को अपने खान पान में भी ध्यान देना चाहिए, लेकिन गरीबी व कई आर्थिक तंगहाली के कारण वे इस ओर ध्यान नहीं दे पाती हैं. आंगनबाड़ी में इनके लिए पोषण की व्यवस्था है पर वे उस राशन को भी अपने परिवार में बांट कर खाते हैं. अंतत: बच्चें को दूध में जो पोषक तत्व मिलने चाहिए वो नहीं मिल पाते हैं और वे कुपोषण के शिकार हो जाते हैं. विगत वर्ष लगभग 44 बच्चे 10 गांवों में टीम ने चिन्हित किया, जो अति कुपोषित बच्चे थे. राज्य के अन्य हिस्सो में भी सैकड़ों बच्चे कुपोषित पाये गये. इन्हीं तथ्यों को मद्देनजर रखते हुए राज्य के स्तर पर स्तनपान पखवारा मनाने का निर्णय लिया गया, ताकि बच्चे के जीने के अधिकार सुनिश्चित किया जा सके. मौके पर मनोरमा एक्का, अरविंद वर्मा, मनोरमा मिंज, उज्जवल कुशवाहा, ज्योति बाखला, रेखा पन्ना आदि मौजूद थे.
महिलाएं स्तनपान के प्रति सजग नहीं
क्रेज व होप के संयुक्त तत्वावधान में स्तनपान को लेकर प्रेस कांफ्रेंस आयोजितएलडीजीए- 1 जानकारी देते मनोरमा एक्का वअन्य.लोहरदगा. स्तनपान को लेकर जागरूकता व क्षेत्र में व्याप्त भ्रांतियों को लेकर एक फरवरी से 28 फरवरी तक पूरे झारखंड में 12 साथी संस्थाओं द्वारा स्तनपान पखवारा मनाया जा रहा है. इसे लेकर क्रेज व होप के […]
