इटखोरी : सोनार टोला की 70 वर्षीय वृद्ध महिला शुभद्रा देवी (पति शिवा साव) सरकारी लाभ से वंचित है. बीपीएल नंबर की अनिवार्यता ने शुभद्रा देवी को सरकारी लाभ से दरकिनार कर दिया है.
उसके पास अपना बीपीएल नंबर नहीं है. जिससे उसे किसी प्रकार की सरकारी सहायता नहीं मिलती है. टूटे-फूटे कच्चे घर में अपने वृद्ध पति, पतोहू व पोते-पोतियों के साथ रहती है. उसके पास न तो आवास है, और न ही वृद्धा पेंशन व लाल कार्ड है.
जीवन का कुछ पल गुजारना ही बहुत ही मुश्किल हो गया है. जिस घर में गौशाला है, उसी घर में रहती है. पुत्र सुधीर स्वर्णकार ने कहा कि – मैं मजदूरी कर किसी तरह पेट पाल रहा हूं. मां के इलाज का भी पैसा जुटा नहीं पाता हूं.
क्या है प्रावधान : सरकारी नियम के अनुसार इंदिरा आवास, वृद्धापेंशन, खाद्यान्न का लाभ वैसे व्यक्ति को ही मिल सकता है, जिसका नाम बीपीएल सूची में होगा. वह कितना भी गरीब क्यों ना हो.
गुंजाइश बनती है : बीडीओ
बीडीओ जयाशंखी मुरमू ने कहा कि सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत वृद्धापेंशन के लिए बीपीएल की आवश्यकता नहीं है. आवश्यकता हुई, तो एसडीओ से आदेश लेकर जरूरतमंद को राशि उपलब्ध कराने का प्रयास करेंगे. इटखोरी प्रखंड का निर्धारित लक्ष्य भी पूरा हो चुका है.
