मरकच्चो : प्रखंड के सिमरकुंडी वन क्षेत्र के ग्रामीणों ने बुधवार को वृक्षों में रक्षा सूत्र बांधकर वनों को बचाने के संकल्प को दोहराया. मौके पर मुख्य अतिथि वन प्रमंडल पदाधिकारी सूरज कुमार सिंह ने कहा कि सिमरकुंडी की जनता वन सुरक्षा को लेकर जागरूक है. पिछले13 वर्ष से कार्यक्रम आयोजित कर आसपास के ग्रामीणों को वनों को बचाने के प्रति जागरूक कर रहे हैं, यह काफी सराहनीय कदम है.
उन्होंने कहा कि मानव भी प्रकृति का ही एक हिस्सा है. प्रकृति को बचाने के लिए हमें सजग रहने की जरूरत है. इसके लिए वनों का बचाव जरूरी है. हमें प्राकृतिक संपदाओं का उपयोग भी उतना ही करना चाहिए, जिससे प्रकृति को नुकसान न पहुंचे. पर्यावरण को संतुलित रखने के लिए पेड़-पौधों की रक्षा करनी आवश्यक है, तभी हम अपनी आने वाली पीढ़ी को सुरक्षित भविष्य दे पायेंगे.
कार्यक्रम को पर्यावरणविद सुरेंद्र प्रसाद, मनोज कुमार के अलावे देवीपुर वन समिति अध्यक्ष छोटू महतो, राजेंद्र यादव आदि ने भी संबोधित किया. इस दौरान मधु कुमारी, रिंकी कुमारी, प्रियंका कुमारी, आंचल कुमारी, सरिता कुमारी, रिंकू कुमारी, छोटी कुमार व देवराज कुमार ने वनरक्षा से संबंधित गीत व कविता प्रस्तुत किया. कार्यक्रम से पूर्व पदाधिकारियों व ग्रामीणों ने जंगल में बने वन मंडप में वनदेवी की पूजा की .
तत्पश्चात डीएफओ समेत अन्य पदाधिकारियों व ग्रामीणों ने पेड़ों को रक्षा सूत्र बांध कर उनकी सुरक्षा का संकल्प लिया. मौके पर ग्रामीणों ने डीएफओ से मां चंचालनी धाम के पास चेकडैम का निर्माण करने की मांग की. वहीं डीएफओ ने रेंजर केके ओझा को तुरंत स्थल चिह्नित कर रिपोर्ट देने को कहा.
इस अवसर पर डोमचांच वन क्षेत्र के रेंजर केके ओझा, सतगांवा रेंजर सुरेंद्र कुमार, गझंडी वनक्षेत्र के रेंजर सिधेश्वर कुमार, कोडरमा रेंजर राकेश सिन्हा, कारू राय, अशोक राय, छोटू मुर्मू, केदार राय, भोला राय, महादेव राय, छोटू टुडू, जीतन राय, मुंशी राय, वनपाल मोहन सिंह, वनपाल रामेश्वर साव, वनरक्षी इस्लाम अंसारी, ललन कुमार, राजेश शर्मा, मनोज कुमार, अजीत जयसवाल, रामनिवास कुमार, वनसमिति अध्यक्ष मुखलाल राय, दशरथ मोदी, रामेश्वर मुर्मू, गंगाधर यादव आदि मौजूद थे.
