लेबर कोड से मजदूरों के अधिकार हा हो रहा हनन : सीटू नेता

मजदूरों के अधिकार, शोषण के खिलाफ संघर्ष को तेज करने का लिया संकल्प

जामताड़ा सीपीआई(एम) पार्टी कार्यालय में शुक्रवार को अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस मनाया गया. इस अवसर पर पार्टी के जिला सचिव सुजीत कुमार माजी ने झंडोत्तोलन किया. इसके बाद कार्यकर्ताओं और नेताओं ने 1886 में शहादत देने वाले मजदूर नेताओं की स्मृति में शहीद वेदी पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. कार्यक्रम के तहत एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता संजय कुमार मेहता ने की. सीटू नेता लखन लाल मंडल ने केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना की. उन्होंने कहा कि मजदूरों के लंबे संघर्ष के बाद 8 घंटे कार्य करने का अधिकार मिला, लेकिन वर्तमान में लागू किए जा रहे चार लेबर कोड के माध्यम से इस अधिकार को कमजोर करने की कोशिश हो रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि न्यूनतम मजदूरी देने के बजाय मजदूरों से अधिक समय तक काम कराया जा रहा है, जिसके खिलाफ देशभर में आंदोलन चल रहा है. वहीं सीटू नेता चंडी दास पुरी ने मजदूर आंदोलन के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए 1 मई 1886 की हड़ताल और अमेरिका की हेमार्केट घटना का उल्लेख किया. उन्होंने बताया कि मजदूरों के बलिदान से ही 8 घंटे कार्य का अधिकार स्थापित हुआ. साथ ही 1889 में पेरिस सम्मेलन और भारत में 1923 में पहली बार मई दिवस मनाने की जानकारी दी. कार्यक्रम में सभी ने मजदूरों के अधिकार, न्यूनतम वेतन और सामाजिक समानता के लिए संघर्ष तेज करने का संकल्प लिया. मौके पर कई कार्यकर्ता उपस्थित थे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Rakesh kumar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >