मिहिजाम : जनजातीय संध्या डिग्री महाविद्यालय की एनएसएस कैडेटो की टीम ने अपने विशेष अभियान के पांचवे दिन गुरुवार को ग्रामीण महिलाओं एवं बच्चों को साक्षरता के महत्व से अवगत कराया. छात्र-छात्राओं ने लुकईपाड़ा तथा डंगालपाड़ा इलाके में लोगों के घरों में जाकर उन्हें जानकारी दी कि शिक्षित होने से किस प्रकार उन्हे इसका लाभ मिल सकता है.
छात्राओं ने ग्रामीणों को अपने बच्चों को नियमित विद्यालय भेजने की सलाह दी. लुकईपाड़ा में ग्रामीण मानोती सोरेन, बालिका सोरेन, मधुसूदन गोराई, नर्मिला सोरेन, ललीता सोरेन सहित अन्य महिलाओं को कैडटों ने अंगूठे के निशान के बदले हस्ताक्षर करने के लाभ से अवगत कराते हुए उन्हें अक्षर ज्ञान भी कराया. कैडेटों ने महिलाओं को इस बात से अवगत कराया कि शिक्षित होने से वे अपने परिवार तथा बच्चों के लालन पालन में भी पूरा सहयोग दे सकती है.
शिक्षित होने से उनका परिवार तथा समाज में मान बढ़ेगा. छात्र-छात्राओं की पहल से ग्रामीण महिलाओं में भी काफी उत्साह देखा जा रहा था. कई महिलाओं ने बताया कि पढ़ना लिखना अच्छा लगता है, लेकिन उम्र बीत जाने के कारण अब ध्यान नहीं जा पाता है. छात्राओं ने उन्हें इसके लिए प्रेरित किया कि वे भी दूसरों की तरह अब भी पढ़ लिख सकते हैं. मौके पर कैडेटों के साथ प्राचार्य प्रो कृष्ण मोहन साह, सतीश शर्मा, राजकुमार मिस्त्री, छात्रा मीनु कुमारी, बसंती सोरेन, सुन्नदा टुडू, ललीता कुमारी, छवि टुडू, राजीव साह सहित कई छात्रा शामिल हुए.
