जमशेदपुर : नशीली दवाओं की गलत बिक्री रोकने के लिए ड्रग विभाग की टीम ने गुरुवार को साकची की चार दवा दुकानों में औचक छापामारी की. जांच टीम ने शांति मेडिकल, हीलिंग टच मेडिको और बजवा हेल्थ केयर प्राइवेट लिमिटेड (बजवा सर्जिकल्स) समेत चार दुकानों में स्टॉक और कागजात खंगाले. टीम ने खासतौर पर यह देखा कि नशे के लिए इस्तेमाल होने वाली दवाइयां नियम से बिक रही हैं या नहीं.
दुकानों में नहीं मिला कोडीन सिरप
अफसरों ने दुकानों में खांसी के कोडीन सिरप की तलाश की, लेकिन किसी भी दुकान में यह नहीं मिला. इसके अलावा, स्टॉक में रखी दवाओं का मिलान बिक्री और खरीद के बिलों से किया गया. तीन खुदरा (रिटेल) दुकानों में से दो का रिकॉर्ड बिल्कुल ठीक मिला. वहीं एक दुकानदार खरीद की रसीदें नहीं दिखा सका. जिसे अधिकारियों ने तीन दिन के भीतर पूरे कागजात पेश करने की चेतावनी दी है. सर्जिकल सामान बेचने वाली एक थोक दुकान की भी जांच हुई. जहां सब कुछ सही पाया गया.
दुकानों में मिली साफ-सफाई
ड्रग इंस्पेक्टर सोनी बारा ने बताया कि नियमों के तहत दवाओं के रख-रखाव और साफ-सफाई की भी जांच की गयी. दुकानों में दवाएं ठीक से रखी मिलीं और कचरे के लिए ढक्कन वाले डस्टबिन का इस्तेमाल हो रहा था. जिससे संक्रमण का खतरा न रहे.
दुकान के बाहर की तरफ लगाये सीसीटीवी कैमरा
ड्रग इंस्पेक्टर ने सभी दवा दुकानदारों को निर्देश दिया कि वे अपने सीसीटीवी कैमरों का मुंह दुकान के ठीक सामने की तरफ रखें. ताकि बाहर की हर संदिग्ध हरकत पर नजर रहे. हालांकि जांच के दौरान कोई गड़बड़ी नहीं मिली. दुकानदारों से कहा गया है कि वे नशे के खिलाफ जागरूकता वाले पोस्टर लगाये. बिना डॉक्टर के पर्चे के कोई दवा न बेचें और कोई भी संदिग्ध ग्राहक दिखे तो तुरंत पुलिस या विभाग को सूचना दें.
