नशा से खुद बचे और अपने मित्रों को बचाये : एसपी

नशामुक्त जिला बनाने को लेकर हजारीबाग एसपी अंजनी अंजन ने शुक्रवार को शहर के कई कोचिंग संस्थानों में पहुंचकर विद्यार्थियों से मुलाकात की.

हजारीबाग. नशामुक्त जिला बनाने को लेकर हजारीबाग एसपी अंजनी अंजन ने शुक्रवार को शहर के कई कोचिंग संस्थानों में पहुंचकर विद्यार्थियों से मुलाकात की. एसपी ने कोचिंग में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को नशे से होने वाले नुकसान की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि नशे की लत लगने से विद्यार्थियों का भविष्य खराब हो रहा है. उन्होंने सभी से अपील की कि खुद भी नशा न करें और अपने साथ पढ़ने व रहने वाले युवकों को नशे के शिकार होने से बचायें. एसपी ने कहा कि नशे के शिकार हुए कई विद्यार्थियों के घर बर्बाद हो चुके हैं. इसके बाद एसपी ने मटवारी स्थित गांधी मैदान पहुंचे और वहां मौजूद युवकों से पूछताछ की. उन्होंने युवाओं को ईमानदारी से पढ़ाई करने की सलाह दी और नशीले पदार्थों से दूर रहने की अपील की. एसपी ने कहा कि अगर कोई नशीले पदार्थों का कारोबार कर रहा है तो उसकी सूचना दें, पुलिस त्वरित कार्रवाई करेगी.

नशे के सौदागरों पर कड़ी नजर

एसपी अंजनी अंजन ने शहर को नशामुक्त बनाने के संकल्प के तहत वैसे क्षेत्रों में भ्रमण किया जहां नशीले पदार्थों की खरीद-बिक्री की सूचना थी. उन्होंने सदर थाना प्रभारी से इलाके की जानकारी ली और ब्राउन शुगर, अफीम, गांजा व कोरेक्स की बिक्री वाले संभावित क्षेत्रों में अभियान चलाकर छापेमारी करने का निर्देश दिया. उन्होंने शहर व आसपास के सभी विद्यालय, महाविद्यालय व कोचिंग संस्थानों के निकट पुलिस को मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री के विरुद्ध लगातार कार्रवाई करने का निर्देश दिया.

तस्करी रोकने के लिए पुलिस की कड़ी निगरानी

एसपी ने सभी थानेदारों को निर्देश दिया कि तस्कर जिन रास्तों से अफीम, ब्राउन शुगर की तस्करी करते हैं, उन मार्गों पर पुलिस कड़ी नजर रखे. उन्होंने बताया कि अधिकतर नशे के सौदागर हजारीबाग-चतरा मार्ग, हजारीबाग-कटकमसांडी मार्ग और रांची-हजारीबाग मार्ग से नशीले पदार्थ लाते हैं. अब तक पकड़े गये अधिकतर तस्कर चतरा, खूंटी व रांची जिले के रहनेवाले हैं.

युवाओं को आगे आने की जरूरत

एसपी ने कहा कि शहर को नशा मुक्त बनाने के लिए युवाओं और आम जनता को पुलिस का सहयोग करना होगा. उन्होंने कहा कि हजारीबाग में दूसरे जिलों से पढ़ाई करने विद्यार्थी आते हैं. उनके माता-पिता को जानकारी नहीं रहती कि उनके बच्चे किस तरह रह रहे हैं. इसलिए विद्यार्थियों को सुरक्षा का ध्यान रखना चाहिए और अपने साथ पढ़ने वाले साथियों की भी सुरक्षा का ख्याल रखना चाहिए.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Praveen

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >