जेएसएफडीए के एक दिवसीय कांक्लेव से लौटे विभावि कुलसचिव हजारीबाग. झारखंड स्टेट फैकल्टी डेवलपमेंट एकेडमी (जेएसएफडीए) का एक दिवसीय वार्षिक कॉन्क्लेव शुक्रवार को रांची के होटल बीएनआर चाणक्य में हुआ. इसमें राज्य और देश के विभिन्न संस्थानों से लगभग 300 शिक्षाविदों ने भाग लिया. सम्मेलन की अध्यक्षता झारखंड राज्य के उच्च शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव एवं जेएसएफडीए के अध्यक्ष राहुल कुमार पुरवार ने की. विनोबा भावे विश्वविद्यालय हजारीबाग की ओर से कुलसचिव डॉ प्रणिता ने प्रतिनिधित्व किया और उच्च शिक्षा की प्राथमिकताओं पर अपने विचार प्रस्तुत किये. कॉन्क्लेव में पांच अलग-अलग सत्र आयोजित हुए, जिनमें सरकारी पदाधिकारी, निजी विश्वविद्यालयों के कुलपति, कुलसचिव, विषय विशेषज्ञ, शिक्षक और शोधकर्ता शामिल हुए. इसका उद्देश्य उच्च शिक्षा संस्थानों, सरकारी विभागों और सिविल सोसाइटी के बीच संवाद का स्थायी मंच तैयार करना था. साथ ही शिक्षकों और प्रशासकों की क्षमता संवर्धन, श्रेष्ठ अभ्यासों और नवाचारों को साझा करना तथा जेएसएफडीए के रोडमैप का निर्धारण करना भी प्रमुख लक्ष्य रहा. सम्मेलन में उच्च शिक्षा निदेशक सुधीर बाड़ा, कोल्हान विश्वविद्यालय चाईबासा की कुलपति प्रो एंजिला गुप्ता, नीलांबर पीतांबर विश्वविद्यालय पलामू के कुलपति प्रो दिनेश कुमार सिंह, बीआईटी मेसरा रांची के कुलपति डॉ इंद्रनील मानना, सरला बिरला यूनिवर्सिटी रांची के कुलपति डॉ जगन्नाथन चोखालिंगम, आदित्य बिरला ग्रुप के अजीत रानाडे, आईआईटी खड़गपुर के प्रो अचिन चक्रवर्ती, स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया के जीएम अमितावा पॉल और आईआईटी बॉम्बे की प्रो आकांक्षा सैनी सहित कई विशेषज्ञों ने विचार रखे. भारतीय प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी सुनील कुमार और विजय कुमार गुप्ता भी उपस्थित रहे. समापन सत्र में झारखंड के माननीय राज्यपाल के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी डॉ नितिन मदन कुलकर्णी ने विशिष्ट अतिथि के रूप में संबोधित किया. यह कॉन्क्लेव उच्च शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग, नवाचार और नीति-निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ.
उच्च शिक्षा में अर्थपूर्ण बदलाव का रोड मैप हो रहा तैयार: डॉ प्रणिता
झारखंड स्टेट फैकल्टी डेवलपमेंट एकेडमी (जेएसएफडीए) का एक दिवसीय वार्षिक कॉन्क्लेव शुक्रवार को रांची के होटल बीएनआर चाणक्य में हुआ
