बरही. एनडीआरएफ की नौवीं बटालियन ने गुरुवार को बरही टाउन हॉल में परिचयात्मक अभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया. इसमें इंस्पेक्टर व टीम कमांडर दिनेश अवस्थी (बिहटा, पटना) ने आपदा से निपटने के व्यावहारिक उपायों का प्रदर्शन किया. इसके जरिये लोगों को प्रशिक्षित किया गया. टीम ने दुर्घटना के बाद रक्तस्राव रोकने, हड्डी टूटने की स्थिति में प्राथमिक उपचार, ब्लड कंट्रोल, स्केलटन बैलेंस और कार्डियक अरेस्ट नियंत्रण का तरीका बताया. साथ ही अस्थायी स्ट्रेचर बनाने व सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) देने की विधि बतायी. बताया गया कि पानी में डूबे व्यक्ति की जान बचाने के लिए सीपीआर अत्यंत प्रभावी है. सांप काटने की पहचान के बारे में बताया कि जहरीले सांप के काटने पर जख्म पर दांत के दो स्पष्ट निशान दिखते हैं, जबकि कम जहरीले सांप के मामले में कई निशान मिलते हैं. सांप काटने पर घाव को साफ पानी या एंटीसेप्टिक से धोकर मरीज को तत्काल चिकित्सक के पास ले जाना चाहिए. घाव को बांधना, मुंह से चूसना या चीरा लगाना गलत तरीका है.मौके पर एसडीओ जोहन टुडू, बीडीओ जयपाल महतो, जिप उपाध्यक्ष किशुन यादव, विधायक प्रतिनिधि रमेश ठाकुर, जिप सदस्य प्रीति कुमारी, रंजीत चंद्रवंशी, गुरुदेव गुप्ता, भगवान केसरी, मोतीलाल चौधरी, राजेंद्र प्रसाद, खिरोधर यादव, हरेंद्र गोप, मनोज कुमार, छोटन ठाकुर, सिकंदर राणा और मुकेश राम मौजूद थे.
एनडीआरएफ ने आपदा से बचाव के गुर सिखाये
बरही टाउन हॉल में परिचयात्मक अभ्यास कार्यक्रम
