मो आरिफ
हजारीबाग. हजारीबाग में ईद का माहौल इस बार बेहद खास और उत्साहपूर्ण है. शहरी क्षेत्र के जामा मस्जिद रोड सहित अन्य इलाकों के बाजारों में ईद की रौनक देखते ही बन रही है. लोग कपड़े, जूते-चप्पल, टोपी, इत्र और सेवई की खरीदारी में जुटे हैं. खरीदारों की भीड़ बाजारों में उमड़ रही है. महिलाओं और बच्चों की मौजूदगी से बाजार और भी जीवंत हो गया है. दुकानों पर रंग-बिरंगे कपड़े, चूड़ियां और अन्य जरूरी सामान उपलब्ध हैं. महंगाई का असर यहां के खरीदारों पर नहीं दिख रहा, लोग खुशी-खुशी त्योहार की तैयारियों में लगे हैं.
सेवई की विविधता खास आकर्षण का केंद्र
इस बार बाजारों में सेवई की विविधता भी खास आकर्षण का केंद्र बनी हुई है. दुकानदारों के अनुसार रांची की चैईना सेवई 100-120 रुपये प्रति किलो बिक रही है. पटना की माकुती 120-130 रुपये, रहमानिया लच्छा 140-160 रुपये, बनारस की लच्छा 140-160 रुपये, बंगाल की हांथ लच्छा 160-180 रुपये और दिल्ली का 2.50 किलो का पैकेट सेवई 130 रुपये प्रति किलो उपलब्ध है. इन अलग-अलग स्वादों और बनावट वाली सेवई ने बाजार की रौनक को और बढ़ा दिया है. साथ ही रंग-बिरंगी टोपियों से भी बाजार सजा हुआ है.शाम के समय बाजारों में भीड़ और बढ़ जाती है. लोग देर रात तक खरीदारी करते हैं और गली-मोहल्लों में दुकानें देर रात तक खुली रहती हैं. दुकानदारों ने बाजारों को आकर्षक ढंग से सजाया है, जिससे त्योहार का माहौल और भी खुशनुमा हो गया है. बच्चों में ईद को लेकर खासा उत्साह है. वे अपने अभिभावकों के साथ खरीदारी करते हुए बाजार की चहल-पहल का हिस्सा बन रहे हैं.
सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूतत्योहारों के मद्देनज़र जिला प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत कर दी है. ईद, सरहुल और रामनवमी जैसे पर्वों को देखते हुए सभी चौक-चौराहों पर पुलिस बल और मजिस्ट्रेट तैनात हैं. सिविल ड्रेस में भी सुरक्षा कर्मी मौजूद हैं ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके. प्रशासन की सतर्कता और लोगों का उत्साह मिलकर त्योहार को शांति और खुशी से भर रहे हैं. हजारीबाग की ईद इस बार धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक मेल-जोल और सांस्कृतिक विविधता का उत्सव है. बाजारों की रौनक, सेवई की खुशबू, बच्चों का उत्साह और सुरक्षा व्यवस्था सब मिलकर इस त्योहार को यादगार बना रहे हैं.
