हजारीबाग : हजारीबाग शहरी क्षेत्र के जमीन की खरीद-बिक्री का रजिस्ट्री 10 दिनों से बंद है. असर्वेक्षित भूमि में रजिस्ट्री के नये आदेश को लेकर पिछले 50 वर्षों से जारी प्रक्रिया के तहत अभी रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है. सरकार से नये गाइड लाइन मिलने का इंतजार रजिस्ट्री कार्यालय कर रहा है. रजिस्ट्री बंद होने से शहरी इलाकों का 100 से अधिक जमीन व फ्लैट रजिस्ट्री अभी तक नहीं हो पाया है. हर दिन रजिस्ट्री का आवेदन बढ़ रहा है.
विभिन्न राज्यों में अलग-अलग क्षेत्र में कार्यरत लोगों के साथ-साथ शहरी क्षेत्र के जरूरतमंद लोगों के सामने बड़ी परेशानी आ गयी है. जमीन रजिस्ट्री नहीं होने से आवासीय व व्यवसायी कार्य बाधित हो गये हैं. लड़की की शादी व चिकित्सीय कार्यों में भी परोक्ष रूप से इसका असर पड़ा है.
राज्य सरकार का पत्र अस्पष्ट : झारखंड सरकार राजस्व निबंधन एवं भूमि सुधार विभाग के उप निबंधक महानिरीक्षक दीपेंद्र मणि ठाकुर ने डीसी साहेबगंज को एक पत्र भेजा है. पत्र ज्ञापांक नंबर 1467 दिनांक 3.12.15 में राज्य के अन्य जिलों के उपायुक्त, जिला अवर निबंधक से जानकारी मांगी है.
संबंधित जिलों में असर्वेक्षित भूमि का निबंधन किस आधार पर हो रहा है. असर्वेक्षित भूमि निबंधन के लिए क्या प्रक्रिया अपनायी जा रही है. भूमि की पहचान किस प्रकार की जाती है. यह जानकारी सरकार के राजस्व भूमि विभाग ने मांगा है.
इसी पत्र के आलोक में हजारीबाग शहरी क्षेत्र का रजिस्ट्री रोक दिया गया है.
शहरी क्षेत्र के इन इलाकों के जमीन की रजिस्ट्री में बाधा : शहर के झंडा चौक, बड़ा अखाड़ा चौक, कानी बाजार, खजांची तालाब, कुम्हरटोली मंदिर, हरि नगर, मेन रोड, ग्वालटोली, दीक्षित एजेंसी रोड, रवींद्र पथ, बुढ़वा महादेव मंदिर रोड, बड़ा बाजार रोड, मालवीय मार्ग, जामा मसजिद रोड, पंचमंदिररोड, जैक एंड जील स्कूल रोड, गुरुगोविंद सिंह रोड समेत अधिकांश शहरी इलाकों के जमीन की रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है.
शहरी क्षेत्र का सर्वे नहीं
हजारीबाग शहरी क्षेत्र का सर्वे नहीं हुआ है. पुराना होल्डिंग व रजिस्ट्री के आधार पर जमीन व फ्लैट का रजिस्ट्री कार्य 50 वर्षों से हो रहा है. शहरी क्षेत्र की अधिकांश जमीन मौजा 140 के अधीन है. सर्वे कार्य शहरी क्षेत्र में शुरू नहीं हुआ है. विशेषज्ञों के अनुसार सर्वे कार्य शुरू कर पूरा करने में 10 साल से अधिक का समय लगेगा. ऐसे में वर्षों तक शहरी क्षेत्र के जमीन का रजिस्ट्री कार्य रोका नहीं जा सकता है.
रजिस्ट्रार एसके दत्ता ने कहा
यह मामला साहेबगंज से संबंधित है. संबंधित जिले के अधिकारी ने असर्वेक्षित भूमि निबंधन के लिए सरकार से गाइड लाइन मांगा है. इसी के आलोक में उप निबंधक महानिरीक्षक ने सभी जिलों से असर्वेक्षित भूमि की रजिस्ट्री के तौर-तरीकों की जानकारी मांगी है. हजारीबाग में 10 दिन पहले तक हो रहे रजिस्ट्री से संबंधित पूरी जानकारी भेज दी गयी है. सरकार के अगले आदेश का इंतजार कर रहे हैं.
सरकार से गुहार
शहरी क्षेत्र के लोगों ने झारखंड सरकार से मांग की है कि 50 वर्षों से जो शहरी क्षेत्र में रजिस्ट्री की प्रक्रिया नियम-परिनियम के तहत चल रही है, उसे जारी करवायें. ताकि शहरी क्षेत्र में जमीन खरीद- बिक्री का कार्य पूर्व की तरह जारी रहे. जिले के संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश तत्काल दें.
