रसोइया का नहीं हो रहा है बेहतर इलाज

कटकमसांडी : कटकमसांडी कस्तूरबा आवसीय विद्यालय में झुलसी रसोइया की स्थिति गंभीर बनी हुई है. रसोइया अल्कन तारा बाखला गुमला जिले के विशुनपुर की रहनेवाली है. वह करीब तीन वर्षो से 4500 रुपये के मानदेय पर विद्यालय में रसोइया की काम करती थी. चार नवंबर की रात सब्जी उतारने के क्रम में वह झुलस गयी […]

कटकमसांडी : कटकमसांडी कस्तूरबा आवसीय विद्यालय में झुलसी रसोइया की स्थिति गंभीर बनी हुई है. रसोइया अल्कन तारा बाखला गुमला जिले के विशुनपुर की रहनेवाली है. वह करीब तीन वर्षो से 4500 रुपये के मानदेय पर विद्यालय में रसोइया की काम करती थी.
चार नवंबर की रात सब्जी उतारने के क्रम में वह झुलस गयी थी. सीएचसी कटकमसांडी में प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल में भरती कराया गया.
पीड़िता ने बताया कि उसका सही इलाज नहीं हो पा रहा है. छह दिन से सदर अस्पताल में वह पड़ी हुई है. उन्होंने विद्यालय के वार्डेन रौशनी लकड़ा पर हजारी काटने का आरोप लगाया है. इस संबंध में बीइइओ नागेश्वर सिंह ने बताया की रसोइया का बेहतर इलाज कराया जायेगा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >