टाटीझरिया : हजारीबाग के टाटीझरिया में एक छोटा-सा कस्बा है. नाम है घुघुलिया. गंगा-जमुनी तहजीब की सच्ची मिसाल. हजारीबाग जिला मुख्यालय से महज 27 किमी दूर टाटीझरिया प्रखंड के डहरभंगा पंचायत के इस छोटे-से कस्बे के लोगों के दिन की शुरुअात मस्जिद से आनेवाली अजान की आवाज के साथ होती है, तो सांझ ढलती है मंदिरों में होनेवाली आरती के साथ. सबसे बड़ी बात यह कि हिंदू और मुसलमान एक-दूसरे के पर्व त्योहार में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेते हैं.
गांव का इतिहास रहा है कि वर्षों से हिंदू-मुस्लिम परंपरागत तरीके से महावीरी झंडे और मुहर्रम का निशान मेले तक पहुंचाने की जिम्मेवारी एक-दूसरे के कंधों पर रहती है. वहीं हर वर्ष की भांति इस बार भी यहां सिद्धि विनायक की पूजा-अर्चना दोनों समाज को लोग धूमधाम से मना रहे हैं. घुघुलिया की इतिहास और इसकी माटी को और भी सार्थक करने में तिरंगा सम्मान यात्रा के सूत्रधार समाजसेवी सुधांशु सुमन अहम भूमिका निभा रहे हैं. घुघुलिया की धरती पर सिद्धि विनायक मंदिर निर्माण प्रस्तावित है, जिसे 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य है. मंदिर का शिलान्यास कार्यक्रम में यहां कई शख्सियतों नें शिरकत की थी.
हर्षोल्लास के साथ हुआ गणपति का विसर्जन : शनिवार को भी हिंदू-मुसलिम की भाईचारगी यहां देखने को मिली. भगवान गणपति की प्रतिमा विसर्जन में दोनों समाज के हजारों लोग शामिल हुए और नाचते-झूमते केसडा सीदरबांध में प्रतिमा का विधिवत विसर्जन किया गया.भगवान गणेश से देश के विकास और क्षेत्र में सुख-शांति की कामना की. प्रतिमा विसर्जन में सिद्धि विनायक समिति के अध्यक्ष एवं डहरभंगा मुखिया मथुरा साव, दीनबंधु चौधरी, दिलीप चौधरी, प्रेमचंद गुप्ता, दिगंबर सिंह, योधी प्रसाद यादव, होपन सिंह, अर्जुन सोनी, महादेव यादव, सतीश नाथ सहाय, सुरेंद्र यादव, अरुण साव, नरेश साव, अनुज सिन्हा, सागर कुमार, सुधीर पंडा, महेंद्र पंडा, सुरेंद्र प्रसाद, सुनीता देवी, गीता देवी, ललिता देवी, कौशिल्या देवी, महेश प्रसाद, गौतम ठाकुर, मो क्यूम, लियाकत मियां, लादेन मियां, मो इरफान, गोपाल प्रसाद, सरयू साव, बुधन साव, बासुदेव नंदन प्रसाद, जमुना मिस्त्री, धीरज सिन्हा, दयाल प्रसाद, विजय सिन्हा, दहन साव समेत हजारों लोग शामिल थे.
2017-18 गांधी सत्याग्रह शताब्दी तिरंगा वर्षघोषित हो : सुधांशु सुमन : समाजसेवी सुधांशु सुमन ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि घुघुलिया में प्रस्तावित सिद्धि विनायक मंदिर का निर्माण रे ग्राम सेवा फाउंडेशन के तहत किया जाना है. भगवान गणेश का यहां आगमन क्षेत्र के लिए वरदान साबित होगा. श्री सुमन ने बताया कि तिरंगा सम्मान यात्रा 2016 से प्रारंभ हुआ, जो 2024 तक चलेगा. इसमें हिंदुस्तान के 29 राज्यों के 6,49,423 गांवों में तिरंगा सम्मान यात्रा किया जाना है.
धरती को नमन करता हूं : ललन प्रसाद : हिंदू-मुस्लिम एकता के अध्यक्ष ललन प्रसाद ने कहा कि समाजसेवी सुधांशु सुमन इस घुघुलिया के माटी के खुश्बू हैं. मैं इस धरती को नमन करता हूं. घुघुलिया में सारा भारत समाया हुआ है.
