गोड्डा के आदिवासी हॉस्टल सहित बीएड के छात्रों की ओर से कॉलेज के सामने गुरुवार को एसकेएमयू के वीसी व प्रिंसिपल का पुतला फूंका गया. छात्रों ने वीसी पर साजिश करने का आरोप भी लगाया. गोड्डा कॉलेज के आदिवासी हॉस्टल के छात्रों द्वारा हॉस्टल परिसर से ही एक रैली निकाली गयी, जिसमें बीएड के छात्र शामिल हुए. सबों के हाथों में तख्ती व बैनर था. छात्रों ने गोड्डा कॉलेज को बीएड की मान्यता देने के मामले में नारेबाजी की गयी. विरोध कर रहे छात्रों का कहना था कि उनके हक व अधिकार को छीना जा रहा है.पू
रे संताल में केवल गोड्डा व साहेबगंज की मान्यता हुई रद्द
पूरे संताल में केवल गोड्डा तथा साहेबगंज की मान्यता ही रद्द की गयी है. दुमका को 15 दिनों का समय दिया गया है. यदि इस मामले में लापरवाही हुई, तो यह गलती वीसी व प्राचार्य दोनों की हैं. छात्रों ने कॉलेज परिसर से रैली निकालकर गोड्डा कॉलेज के सामने रोड पर जमा होकर दोनों का पुतला फूंका. नेतृत्व कर रहे आदिवासी छात्र बिट्टू हेंब्रम सहित अन्य का कहना था कि यह मूलवासी व आदिवासी के हक को छीनने की साजिश है. छात्र काफी आक्रोशित थे. बताया कि यदि मान्यता फिर से बरकरार नहीं हुई, तो इसकी लंबी लड़ाई लडी जाएगी. ऐसा कर संताल के युवाओं को बेराेजगार करने की साजिश रची जा रही है. प्रदर्शन के बाद वीसी व राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन भी सौंपा गया.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
