भगैया जलसे में देश-विदेश से पहुंचे आलिम-ए-दीन प्रतिनिधि, ठाकुरगंगटी प्रखंड के भगैया के बिशनपुर में विराट जलसा का भव्य और सफल आयोजन संपन्न हुआ. इस ऐतिहासिक आयोजन को लेकर पूरे इलाके में उत्साह और हर्ष का माहौल देखने को मिला. उल्लेखनीय है कि भगैया की सरज़मीं पर यह जलसा लगभग 39 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद आयोजित किया गया. जलसा कमिटी के सचिव निसार अहमद ने जानकारी देते हुए बताया कि इस कार्यक्रम की तैयारी पिछले एक वर्ष से लगातार की जा रही थी. इस दो दिवसीय सम्मेलन में देश-विदेश के प्रख्यात आलिम-ए-दीन ने शिरकत की. मुख्य अतिथियों में सैय्यद मेराज रब्बानी मदनी साहब (सऊदी अरब), मौलाना जर्जिस अंसारी सिराजी (इटावा, उत्तर प्रदेश), मौलाना डॉ. अब्दुल गफ्फार सलफी (बनारस, उत्तर प्रदेश), मौलाना फज़लुर्रहमान सिराजी (इटावा, उत्तर प्रदेश), मौलाना इमामुल इस्लाम असरी (देवघर, झारखंड) सहित अन्य स्थानीय एवं क्षेत्रीय विद्वानों की गरिमामयी उपस्थिति रही. जलसे में विभिन्न वक्ताओं द्वारा दीनी एवं दुनियावी शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला गया. समाज में अमन, भाईचारा एवं शांति बनाए रखने की अपील की गई तथा कुरआन और हदीस की शिक्षाओं पर चलने के लिए प्रेरित किया गया. कार्यक्रम के दौरान देश एवं समाज की तरक्की, आपसी सद्भाव एवं विश्व शांति के लिए विशेष दुआएं भी की गईं. इस सफल आयोजन ने क्षेत्र में एक नई सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया है और समाज को एकजुट होकर आगे बढ़ने का संदेश दिया है. इस जलसा में लाखों की भीड़ मौजूद थी. आयोजन को सफल बनाने में कमिटी के सदस्यों महफूज अंसारी, जफरुल्लाह अंसारी, मो. सनाउल्लाह, रियाजुद्दीन अंसारी, कौसर अंसारी, आमिर अंसारी, कुद्दूस अंसारी, शमसेर अंसारी एवं जुल्लू अंसारी सहित अन्य लोगों का महत्वपूर्ण योगदान रहा.
जलसे में दीनी और दुनियावी शिक्षा पर जोर
भगैया के बिशनपुर में 39 वर्षों बाद विशाल धार्मिक जलसा आयोजित हुआ जिसमें देश-विदेश के प्रख्यात आलिम-ए-दीन शामिल हुए। दो दिवसीय इस सम्मेलन की तैयारी एक वर्ष से चल रही थी। मुख्य अतिथि सैय्यद मेराज रब्बानी मदनी (सऊदी अरब), मौलाना जर्जिस अंसारी सिराजी, डॉ. अब्दुल गफ्फार सलफी समेत कई विद्वान उपस्थित रहे। जलसे में दीनी और दुनियावी शिक्षा, अमन, भाईचारे और शांति की अपील की गई। कुरआन और हदीस की शिक्षाओं पर चलने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में देश-समाज की तरक्की और विश्व शांति के लिए विशेष दुआएं भी हुईं। इस आयोजन ने क्षेत्र में सकारात्मक ऊर्जा और एकजुटता का संदेश दिया। कमिटी सदस्यों का आयोजन में महत्वपूर्ण योगदान रहा।
