प्रस्तावित थाना भवन को मेदनीचक में नहीं बनाये जाने के मामले को लेकर प्रखंड प्रमुख अंजर अहमद, जिला परिषद सदस्य मो. एहतेशामुल हक एवं अरशद वहाब ने संयुक्त रूप से डीसी को आवेदन देकर थाना भवन को प्रखंड मुख्यालय में ही बनाने की मांग की थी. डीसी द्वारा मामले को गंभीरता से लेते हुए दिये गये निर्देश के बाद बसंतराय के सीओ ने थाना भवन निर्माण हेतु भूमि उपलब्ध कराने के लिए तीन सदस्यीय टीम का गठन किया. इस टीम में अंचल निरीक्षक, राजस्व कर्मचारी एवं अंचल अमीन को शामिल किया गया. मंगलवार को टीम द्वारा मौजा बसंतराय के दाग संख्या 04, 37 एवं 42 तथा बसखोरिया के दाग संख्या 73 एवं 74 की भूमि का निरीक्षण किया गया. प्रस्तावित भूमि का कुल क्षेत्रफल लगभग तीन एकड़ बताया गया है. निरीक्षण के दौरान यह पाया गया कि मौजा बसंतराय के दाग संख्या 04, 37 एवं 42 की भूमि पर भू-माफियाओं द्वारा अतिक्रमण कर लिया गया है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अतिक्रमण हटाये जाने के बाद ही थाना भवन निर्माण कार्य शुरू किया जा सकेगा. सीओ ने बताया कि डीसी के निर्देशानुसार प्रखंड मुख्यालय में थाना भवन निर्माण के लिए स्थल चयन की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गयी है. उन्होंने कहा कि अतिक्रमित भूमि को शीघ्र ही नियमानुसार मुक्त कराया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य आगे बढ़ सके.
जर्जर भवन में संचालित हो रहा है थाना, सुरक्षा पर सवाल
सूत्रों के अनुसार वर्ष 2008 में थाना का दर्जा मिलने के बावजूद अब तक थाना जर्जर भवन में ही संचालित हो रहा है. भवन की स्थिति इतनी खराब है कि पुलिसकर्मी असुरक्षित माहौल में कार्य करने को मजबूर हैं. भवन की दीवारों में दरारें आ चुकी हैं तथा छत कई स्थानों से क्षतिग्रस्त है. बरसात के मौसम में छत से पानी टपकने के कारण थाना परिसर में रखे महत्वपूर्ण दस्तावेजों और उपकरणों को नुकसान पहुंचने का खतरा बना रहता है. थाना पहुंचने वाले फरियादियों को भी कई तरह की असुविधाओं का सामना करना पड़ता है. स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों द्वारा लंबे समय से नये थाना भवन निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो सकी है. लोगों ने जल्द नए भवन निर्माण की मांग की है, ताकि पुलिसकर्मी सुरक्षित वातावरण में कार्य कर सकें और आम जनता को बेहतर सुविधा उपलब्ध हो सके.
