गोड्डा : स्थानीय प्लस टू विद्यालय के सभाकक्ष में कन्या बचाओ अभियान को लेकर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य माधवचंद्र चौधरी ने किया. स्वास्थ्य विभाग के नोडल पदाधिकारी डॉ राम जी भगत ने कहा कि लगातार भ्रुण हत्या होने से लड़कों की तुलना में लड़कियों की संख्या में कमी आयी है.
झारखंड राज्य में एक हजार लड़कों पर 947 व गोड्डा में एक हजार पर लड़कियों की संख्या 943 हो गयी है. आंकड़े खतरनाक है. 10 वर्षो में 25 प्रतिशत की गिरावट आयी है. ग्राफ में गिरावट का एक मात्र मूल्य कारण अल्ट्रासाउंड का होना है.
यानी जन्म से पूर्व लिंग की जांच से यह स्थिति उत्पन्न हुई है. उन्होंने कहा कि संतुलन को बनाये रखने के लिए इसपर रोक लगाना समय की मांग है. पुरुष-महिला के अनुपात में संतुलन होना जरूरी है. उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान में स्थिति विस्फोटक हो गयी है. झारखंड में विस्फोटक स्थिति होने जा रही है. केवल एक केरल ही राज्य है जहां स्थिति ठीक है.
