इसके लिए संपर्क अभियान चलाकर जहां पार्षदों को टटोलने की कोशिश की जा रही है, वहीं दूसरी ओर समर्थन देने का आग्रह किया जा रहा है. डिप्टी मेयर पद को लेकर कई दावेदार सामने आकर गोलबंदी की कोशिश कर रहे हैं, तो कुछ दावेदार वेट एंड वाच के मोड में हैं.
19 पार्षदों का समर्थन चाहिए
डिप्टी मेयर पद के दावेदारों में अब तक सुमित कुमार, नीलम झा, बुलंद अख्तर, संजीव कुमार, दीपक कुमार यादव, मोहम्मद लल्लू उर्फ लालो के नाम चर्चा में हैं. कुछ दावेदार अभी भी पर्दे के पीछे हैं. 36 वार्डों के नगर निगम का डिप्टी मेयर पद पाने के लिए कम से कम 19 पार्षदों का समर्थन चाहिए. ऐसे में दावेदार आवश्यक संख्या बल जुटाने की भरसक कोशिश कर रहे हैं. पार्षदों से संपर्क कर समर्थन जुटाने का प्रयास चल रहा है.चुनाव को ले प्रशासनिक तैयारी पूरी
सूत्रों के मुताबिक भाजपा से जुड़े पार्षदों की संख्या झामुमो की अपेक्षा कम है. चूंकि नगर निगम का चुनाव दलीय आधार पर नहीं हुआ है. ऐसे में एक ही दल से जुड़े कई पार्षद डिप्टी मेयर पद के लिए अपना भाग्य आजमाने को आतुर हैं. इसे लेकर अपने-अपने स्तर से प्रयास चल रहा है. सूत्रों की मानें तो मेयर पद पर झामुमो समर्थित उम्मीदवार के जीतने के बाद अब डिप्टी मेयर पद पर भी उसकी नजर है. पार्टी के कई वरीय नेता पार्षदों की गतिविधियों पर नजर रखे हुए हैं. मेयर पद पर भाजपा समर्थित उम्मीदवार की हार के बाद जिला स्तरीय कई नेता सुस्त पड़ गये हैं. भाजपा से जुड़े पार्षदों को उनकी ही रणनीति पर छोड़ दिया गया है. बहरहाल, 16 मार्च को जिला समाहरणालय में डिप्टी मेयर पद के लिए चुनाव होना है. प्रशासनिक स्तर पर इसकी तैयारी कर ली गयी है.
