बता दें कि जमुआ थाने का यह हिस्सा वर्षों से जर्जर है. बारिश में छत से पानी टपकता और दीवारों में दरार आ गयी है. बरसात में पुलिसकर्मी टेबल पर प्लास्टिक डालकर सरकारी दस्तावेज को संभालकर रखते हैं. भवन काफी पुराना है और इसकी मरम्मत लंबे समय से नहीं हुई है. राहत की बात यह रही कि जिस समय घटना घटी, उस समय वहां कोई नहीं था.
आंधी से घर का छप्पर उड़ा
तिसरी पंचायत के सिजुआ में बुधवार को आंधी-पानी से अर्जुन ठाकुर के घर क्षतिग्रस्त हो गया. अर्जुन ठाकुर अपने छोटे से सैलून में काम करता है और घर परिवार को चलाता है. अर्जुन ने कहा कि उसकी पत्नी मंजू देवी का नाम दो वर्ष पूर्व ही आवास की सूची में आया था, लेकिन आज तक आवास नहीं बन पाया है. आंधी से घर क्षतिग्रस्त होने से परेशानी बढ़ गयी है. तिसरी के मुखिया किशोरी साव ने कहा कि घर क्षतिग्रस्त होने की रिपोर्ट प्रशासन को दी जायेगी. इधर, वज्रपात में घायल चार लोग अभी भी इलाजरत हैं.
बारिश से उजड़ा गरीब महिला का आशियाना
देवरी प्रखंड के कोसोगोंदोदिघी पंचायत के महेशियादिघी गांव में बुधवार शाम आयी तेज आंधी और बारिश से उर्मिला देवी का कच्चे घर के आगे का हिस्सा गिर गया. राहत की बात यह रही कि घटना में वह सुरक्षित बच गयी. लेकिन, घर को काफी नुकसान पहुंचा है. उर्मिला ने प्रशासन से मदद की गुहार लगाते हुये आवास योजना का लाभ देने की मांग की है. उसने बताया कि उनके पति की पहले ही मौत हो चुकी है और उसका कोई पुत्र भी नहीं है. वह खुद से घर बनवाने में असमर्थ है. ग्रामीणों ने भी प्रशासन से मामले में पहल कर पीड़ित महिला को सरकारी आवास योजना का लाभ दिलाने की मांग की है, ताकि उसे सुरक्षित रहने की सुविधा मिल सके.
