गिरिडीह/राजधनवार : राजधनवार थाना क्षेत्र के अलकदेशी गांव से लगभग सवा किमी दूर साईं बाबा मैगजीन हाउस के पास एक एक्सप्लोसिव वैन में विस्फोट से दो वाहनों के परखच्चे उड़ गये. घटना में पांच लोगों के मारे जाने की आशंका है. इनमें तीन मजदूर व दो चालक बताये जाते हैं. मृतक कोडरमा के रहनेवाले थे. शव इस कदर क्षत-विक्षत हो चुके हैं कि पहचानना मुश्किल हो रहा है. हादसा वैन से विस्फोटक उतारे जाने के समय हुआ.
एसडीपीओ प्रभात रंजन बरवार ने कहा कि क्षत-विक्षत लाश से यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि दो लोगों की मौत हुई है. यह संख्या बढ़ भी सकती है. पावर जेल अत्यंत विस्फोटक होता है.
सुरक्षा कारणों से पुलिस मैगजीन हाउस तक नहीं पहुंच सकी है.’ मैगजीन हाउस कोडरमा के मनोज मोदी का बताया जाता है. मैगजीन हाउस में रखने के लिए एक्सप्लोसिव वैन से विस्फोटक लाया गया था. उसे उतारने के दौरान हुई चूक से डाइनामाइट विस्फोट कर गया. विस्फोट होते ही विस्फोटक लदा वाहन तथा पास में खड़ा एक अन्य वाहन चपेट में आ गये. ग्रामीणों ने बताया कि घटना बुधवार की शाम पांच बजे की है. विस्फोट के बाद दोनों वाहनों में आग लग गयी.
बम निरोधक दस्ते को बुलाया
गिरिडीह पुलिस ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बम निरोधक दस्ता को बुलाया है. एसडीपीओ श्री बरवार ने बताया कि मैगजीन हाउस में भी विस्फोटक है. पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है. बम निरोधक दस्ता के पहुंचने के बाद आसपास के इलाके की पड़ताल करते हुए पुलिस मैगजीन हाउस की तरफ बढ़ेगी.
बीते वर्ष भी हुआ था विस्फोट
मैगजीन हाउस के पास खदान का संचालन कई वर्षों से किया जा रहा है. यहां जगह-जगह विस्फोटक लगाकर विस्फोट कराये जाते हैं. बीते वर्ष बारिश के दौरान हुए वज्रपात से खदान में लगा विस्फोटक ब्लास्ट कर गया था. घटना में दो लोगों की मौत हुई थी.
अलकदेशी के कई घरों में पड़ी दरार
विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि सवा किमी दूर स्थित अलकदेशी गांव थर्रा उठा. गांव के कई घरों में दरार पड़ी है. ग्रामीणों का कहना था कि उन्होंने बहुत पहले लिखित आवेदन देकर यहां पत्थर खदान बंद करने का अनुरोध किया था. जांच भी हुई, लेकिन अब तक नतीजा कुछ नहीं निकला. ग्रामीणों ने बताया कि खदान में विस्फोट किये जाने से पूर्व में भी कई घरों में दरारें पड़ी हैं और जानमाल की क्षति की आशंका बनी रहती है.
…तो चली जाती कई और जान
मैगजीन हाउस में स्थानीय लोग भी काम करते हैं. आज हटिया का दिन होने के चलते कई मजदूर मौजूद नहीं थे. जो कार्य पर बचे थे, वे विस्फोट की जद में आये. ग्रामीणों ने बताया कि लगभग दस-बारह की संख्या में लोग दिन में मैगजीन हाउस के पास काम पर लगे हुए थे.
तीन लोग मैगजीन हाउस में पहले से कार्यरत हैं, जबकि दो वाहनों के चालक बुधवार को पहुंचे थे. इसके अलावे गांव के पांच-छह मजदूरों को भी विस्फोटक ढोने के लिए बुलाया गया था. बुधवार को घोड़थंभा में हाट लगने के कारण कई लोग दोपहर में ही वहां से निकल चुके थे. विस्फोट के बाद काम कर रहे मजदूरों व चालकों का क्षत-विक्षत लाश इधर-उधर बिखर गया. किसी की पहचान अब तक नहीं हो पायी है.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल के लिए निकली, परंतु एक्सप्लोसिव वैन में आग लगी देख और पास में ही मैगजीन हाउस होने के कारण वह करीब नहीं जाकर घटनास्थल से सौ मीटर दूर रुक गयी.
