चितरी गांव में नंगे तारों से जल रही फसलें प्रतिनिधि, विशुनपुरा आधुनिक दौर में जहां स्मार्ट बिजली व्यवस्था की बात की जा रही है. वहीं विशुनपुरा प्रखंड के चितरी गांव की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है. यहां आज भी बिजली आपूर्ति बांस-बल्ली के सहारे की जा रही है. जिससे हादसे की आशंका बनी हुई है. गांव में एलटी लाइन के नंगे तार खुलेआम झूल रहे हैं. हल्की हवा या बारिश के दौरान ये तार टूटकर गिर जाते हैं. जिससे कई बार किसानों की फसल जलकर राख हो चुकी है. ग्रामीणों का कहना है कि यह सिर्फ आर्थिक नुकसान नहीं, बल्कि जान-माल के लिए भी गंभीर खतरा बना रहता है. स्थानीय ग्रामीण सोनु सिंह, नवनीत कुमार और उदय यादव ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार बिजली विभाग को आवेदन दिया गया. लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने आरोप लगाया कि सुरक्षित केबल लगाने के बजाय नंगे तारों से ही बिजली आपूर्ति की जा रही है. चितरी गांव के करीब 100 घर इस जोखिम भरी व्यवस्था के बीच रहने को मजबूर हैं. कई स्थानों पर बिजली मीटर भी खूंटों और बांस के सहारे लटकाये गये हैं. जो पूरी तरह असुरक्षित है. इसके बावजूद उपभोक्ताओं को नियमित रूप से बिजली बिल भेजा जा रहा है. ग्रामीणों का आरोप है कि पूरे गांव में सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही है. बिजली के पोल केवल नाम मात्र के हैं और व्यवस्था पूरी तरह जुगाड़ पर टिकी हुई है. ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही स्थिति में सुधार नहीं किया गया, तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है.
बांस-बल्ली के सहारे बिजली आपूर्ति, हादसे का खतरा
चितरी गांव में नंगे तारों से जल रही फसलें
