गढ़वा : जिले के मेराल प्रखंड के गोंदा पंचायत के वार्ड सदस्य व ग्रामीणों ने उपायुक्त को आवेदन देकर पंचायत के मुखिया प्रकाश कुमार अरुण को पदमुक्त करने की मांग की है़ डीसी को दिये ज्ञापन में उक्त लोगों ने कहा है कि भ्रष्टाचार में लिप्त उक्त मुखिया को निगरानी की टीम ने जेल भेज दिया है़
ऐसे व्यक्ति का मुखिया के पद पर बने रहना कहीं से भी उचित नहीं है़ कहा है कि 10 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए निगरानी की टीम ने उन्हें पकड़ा था़ उनके इस घिनौने व काली करतूत से वार्ड सदस्य व जनता में काफी आक्रोश है़
मुखिया प्रकाश कुमार अरुण के इस करतूत से गोंदा पंचायत शर्मसार हुआ है़ मुखिया के इस कारनामे का वे लोग पुरजोर विरोध करते हैं और निगरानी के कार्यों की सराहना करते हैं क्योंकि इससे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा़ ज्ञापन में कहा है कि भ्रष्टाचारी मुखिया का सच्चाई छुपाने के लिये किये गये काली करतूत पर पर्दा डालने के लिये तरह-तरह के बयान दिये जा रहे हैं.
मुखिया प्रकाश कुमार अरुण अापराधिक चरित्र का व्यक्ति है़ उस पर अभी भी समीपवर्ती राज्य यूपी में मुकदमा चल रहा है़ उसने यूपी से आटा लेकर जा रहा ट्रक को हाइजेक कर चालक व उप चालक को हांथ-पैर बांधकर जीटी रोड में फेंक दिया था और ट्रक ले भागा था़ यह मुखिया के काले करतूत का परिणाम है़ मुखिया का छोटा भाई प्रभात कुमार अरूण डकैती मामला में यूपी में पुलिस एनकांटर में मारा जा चुका है़
