गढ़वा : इस संबंध में पुछे जाने पर टाइगर प्रोजेक्ट के रेंजर अनिल कुमार ने कहा की टेकरों द्वारा ग्रामीणों को परेशान करने की जानकारी उन्हें नहीं है. अगर ग्रामीणों की ऐसी शिकायत है, तो वे अपने स्तर से इसे तत्काल दूर करने का प्रयास करेंगे.
गढ़वा सदर अस्पताल में जिप उपाध्यक्ष रेखा चौबे एवं चिकित्सक डॉ अशोक कुमार के बीच हुए विवाद के मामले में दोनों ओर से प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. इसमें रेखा चौबे के आवेदन पर दर्ज करायी गयी प्राथमिकी (थाना कांड संख्या 470/18) में डॉ अशोक कुमार के विरुद्ध भादवि की धारा 341, 323 एवं 354 लगाया गया है.
आवेदन में श्रीमती चौबे ने गढ़वा सदर अस्पताल में चिकित्सक पर उनके साथ दुर्व्यवहार करते हुए धक्का-मुक्की करने का आरोप लगाया है. जबकि डॉ अशोक कुमार ने अपने आवेदन में जिप उपाध्यक्ष पर सदर अस्पताल में ड्यूटी के दौरान धक्का-मुक्की करने, सरकारी कार्य में बाधा डालने एवं धमकी देने का आरोप लगाया है. इसके आधार पर रेखा चौबे पर प्राथमिकी (थाना कांड संख्या 473/18)दर्ज करते हुए भादवि की धारा 341, 353, 506, 34 एवं 323 लगाया गया है.
अघोषित रूप से बंद रहा ओपीडी : बुधवार के अपराह्न में चिकित्सक एवं जिप उपाध्यक्ष के बीच हुए विवाद के विरोध के बाद शाम में इस मामले को लेकर चिकित्सकों ने बैठक की. गुरुवार की सुबह पुन: आइएमए के बैनर तले चिकित्सकों ने बैठक की. इसका असर ओपीडी पर देखने को मिला.
मेडिसीन ओपीडी व सर्जिकल ओपीडी ही खुले रहे, जबकि स्त्री रोग, शिशु रोग, अल्ट्रा साउंड, दंत रोग व नेत्र रोग ओपीडी में चिकित्सक नहीं बैठे. यद्यपि 12.30 बजे के बाद नेत्र व दंत रोग ओपीडी में चिकित्सकों ने बैठकर मरीजों का इलाज किया. इस संबंध में यद्यपि सीएस ने ओपीडी बंद होने की बात से इनकार किया है.
